बागपत। एसडीएम और प्रधानों के बीच बुधवार को उस समय विवाद हो गया, जब एसडीएम ने दो प्रधानों को कार्यालय से बाहर निकाल दिया। इसका पता चलने पर प्रधानों ने एकत्र होकर हंगामा कर दिया और वे डीएम के पास शिकायत लेकर पहुंचे। डीएम ने उनको किसी तरह समझाकर शांत कराया। वहीं एसडीएम ने एक प्रधान पर अपने खिलाफ चल रही जांच में दबाव बनाने का आरोप लगाया।
बुढ़ेड़ा के प्रधान प्रवीण व सुल्तानपुर हटाना गांव के प्रधान सचिन बुधवार को एसडीएम पूजा चौधरी से मिलने उनके कार्यालय गए थे। जहां उनके बीच नोकझोंक होने लगी और एसडीएम ने दोनों प्रधानों को अपने कार्यालय से बाहर निकाल दिया। इसके बाद दोनों ने अन्य प्रधानों को इस बारे में सूचना दी और एसडीएम कार्यालय के बाहर धरने पर बैठने का फैसला लिया गया।
बाद में वे दोनों प्रधान संगठन के अध्यक्ष राजीव शर्मा, ट्योढ़ी के सचिन शर्मा, दौझा के यामीन, पदड़ा के हुकुम, गाधी के राजवीर, सूरजपुर महनवा के आलहा सिंह, निबाली के योगेंद्र, गौसपुर के इकबाल, गठीना के नरेश समेत डीएम से मिलने पहुंचे। जहां प्रधानों ने एसडीएम पर अभद्रता करने के साथ ही कार्यालय से बाहर निकालने का आरोप लगाया। बुढ़ेडा गांव के प्रधान ने कहा कि वे श्मशान घाट का प्रस्ताव लेकर पहुंचे थे, लेकिन उनके साथ अभद्रता की गई।
जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि वह इस मामले में एसडीएम से बात करेंगे और एक-दूसरे का सम्मान होना चाहिए। इसके बाद प्रधान शांत हो गए और वहां से चले गए।
- प्रधान की चल रही जांच, दबाव बनाने आ रहे
एसडीएम पूजा चौधरी का कहना है कि बुढेड़ा के प्रधान की जांच चल रही है। इसके बावजूद वह जांच पूरी हुए बिना कार्य कराना चाहते हैं। इसके लिए ही बार-बार उनके कार्यालय में आते हैं। जबकि उनको पहले भी कहा गया है कि इस जांच के बारे में किसी तरह की बातचीत करने वह उनके कार्यालय में नहीं आएं। अगर कोई कागज की जरूरत होगी तो वह खुद मंगवा लेंगी। इस मामले में वह सुल्तानपुर हटाना के प्रधान के साथ पहुंचे थे और उनपर जांच पूरी हुए बिना कार्य कराने के लिए दबाव बना रहे थे। उनकी तरफ से अभद्रता की गई थी।