- जनवरी 2012 में खेत में गोलियां मारकर की गई थी पूर्व विधायक त्रिपाल धामा की हत्या
- एडीजे द्वितीय के न्यायालय में हुई मामले की सुनवाई, अलग हो गई थी दो आरोपियों की पत्रावली
संवाद न्यूज एजेंसी
बागपत। भाजपा के पूर्व विधायक त्रिपाल धामा हत्याकांड में न्यायालय से तीन आरोपियों को दोषमुक्त कर दिया गया। जबकि इस हत्याकांड के दो आरोपियों की पत्रावली अलग कर दी गई थी। जिन पर अभी न्यायालय में सुनवाई चल रही है।
अधिवक्ता रमन कुमार चौधरी ने बताया कि आठ जनवरी 2012 को बिनौली के रहने वाले बरनावा से भाजपा के विधायक रहे त्रिपाल धामा की गोलियों से भूनकर हत्या कर दी गई थी। जिसमें पूर्व विधायक त्रिपाल धामा के भतीजे नितिन धामा ने बिनौली थाने में अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। इस मामले में पुलिस ने विकास उर्फ विक्की, प्रदीप, मोहित शर्मा, विकास उर्फ छोटा और एक नाबालिग को गिरफ्तार कर हत्या की घटना का खुलासा किया था। पुलिस ने पांचों आरोपियों के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल कर दिया। अधिवक्ता ने बताया कि नाबालिग आरोपी की पत्रावली किशोर न्याय बोर्ड को भेज दी गई, जबकि आरोपी विकास उर्फ छोटा जमानत पर बाहर आने के बाद फरार हो गया था। जिसके चलते विकास उर्फ छोटा की पत्रावली भी अलग कर दी गई। पूर्व विधायक हत्याकांड में आरोपी विकास उर्फ विक्की, प्रदीप और मोहित शर्मा की पत्रावली की सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायालय द्वितीय एससीएसटी विशेष न्यायालय में हुई। जिस पर सोमवार को सुनवाई के बाद न्यायाधीश विजय राजे सिसौदिया ने साक्ष्य के अभाव में विकास उर्फ विक्की, प्रदीप और मोहित शर्मा को दोषमुक्त कर दिया।
पंजाब जेल में बंद है विकास उर्फ छोटा
अधिवक्ता रमन सिंह चौधरी ने बताया कि जमानत पर बाहर आने के बाद फरार होने वाला विकास उर्फ छोटा एक मुकदमे में पंजाब में पकड़ा गया। वह अब पंजाब की जेल में बंद बताया जा रहा है।