बागपत। बिजरौल गांव में बाबा शाहमल के शहीद स्मारक में राष्ट्रध्वज लगवाने के नाम पर 2.30 लाख रुपये निकाल लिए गए। एक राष्ट्रध्वज के लगवाने पर इतनी बड़ी रकम निकाले जाने को अधिकारी भी नहीं पचा पा रहे हैं। इस मामले में सीडीओ ने जांच बैठा दी है। अन्य गांवों में राष्ट्रध्वज लगवाने में भी गड़बड़ी की आशंका जताते हुए जांच कराने की बात कही जा रही है।
बिजरौल गांव के बाबा शाहमल ने वर्ष 1857 में देश की आजादी के लिए अंग्रेजों से पहली लड़ाई लड़ी थी। जिसमें उनको शहादत मिली। उनकी शहादत पर बिजरौल गांव में शहीद स्थल बनवाया गया है। जहां उनके सम्मान के लिए करीब एक साल पहले राष्ट्रध्वज लगवाया गया था। लेकिन पंचायत के खाते से इस राष्ट्रध्वज के नाम पर अब जुलाई 2023 में 2.30 लाख रुपये निकाल लिए गए।
यह पूरा मामला सीडीओ की जानकारी में पहुंचा तो उसपर जांच बैठा दी गई कि आखिर इतनी अधिक धनराशि कैसे निकाली गई। जबकि जितना बड़ा राष्ट्रध्वज वहां लगाया गया है, वह करीब 50 हजार रुपये तक में लग सकता है।
अन्य कई गांवों में राष्ट्रध्वज लगाकर निकाले रुपये
बिजरौल की तरह ही अन्य कई गांवों में राष्ट्रध्वज लगवाकर रुपये निकाले गए है। वहां भी राष्ट्रध्वज के नाम पर काफी ज्यादा रुपये निकालने की बात कही जा रही है। इस तरह राष्ट्रध्वज के नाम पर भी खेल करने में कर्मचारी नहीं चूक रहे हैं। हालांकि वहां की जांच होने पर ही पूरी स्थिति साफ होगी।
राज्यपाल को भेजा पत्र, राष्ट्रध्वज का सम्मान बरकरार रखे
बिजरौल गांव के पंकज कुमार चौधरी ने इस प्रकरण को लेकर राज्यपाल के नाम एक पत्र लिखा है। जिसमें कहा गया है कि इस तरह से राष्ट्रध्वज के नाम पर घोटाला किया जाएगा तो राष्ट्रध्वज के सम्मान में कमी आएगी। इसलिए राष्ट्रध्वज का सम्मान बरकरार रखने के लिए ऐसा करने वालों पर कार्रवाई होनी जरूरी है।
बिजरौल में शहीद स्थल पर राष्ट्रध्वज लगाने के नाम पर 2.30 लाख रुपये की धनराशि निकाली गई है। जिसकी जांच शुरू कराई गई है। इसके अलावा भी जहां राष्ट्रध्वज लगवाए गए है, उनकी जांच कराई जाएगी। - एमएल व्यास, सीडीओ