मतदान होने के बाद थमा दावतों का दौर
बड़ौत। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव होने के बाद अब गांवों में दावतों का दौर भी थम गया है। पंचायत चुनाव के लिए नामांकन प्रक्रिया शुरू होने से लेकर मतदान होने की पूर्व रात्रि तक मतदाताओं की मौज थी। प्रत्याशी वोटरों को अपने पक्ष में मतदान करने के लिए हर जुगत भिड़ा रहे थे। सायं ढलते ही दावतों का दौर शुरू हो जाता था, मतदाताओं की मांग को ध्यान रखा जाता था। मतदान से पहले उम्मीदवारों ने मतदाताओं की हर मांग का पूरा ध्यान रखा और मतदाता के एक इशारे पर मुर्ग, बिरयानी, लड्डू, जलेबी से लेकर शराब की खूब दावतें दी जाती थी, लेकिन जैसे ही मतदान प्रक्रिया हुई, वैसे ही अब किसी को भी कोई पूछने वाला नहीं। जैसे ही मतदान हुआ उसके बाद प्रत्याशी अपने घरों में कैद हो गए। उधर, प्रत्याशियों के समर्थकों ने कहा हर दिन एक जैसे नहीं होते। बहुत दिनों तक खातिर हुई। अब वह भी आराम करें और हम भी आराम करेंगे।