बड़ौत। दिगंबर जैन डिग्री काॅलेज बड़ौत में 22 असिस्टेंट प्रोफेसर के पदों पर भर्ती के लिए प्रबंध समिति ने पूरी तेजी दिखाई। जिसने एक सप्ताह तक साक्षात्कार करके आठ विषयों के असिस्टेंट प्रवक्ताओं की नियुक्ति के लिए विवि तक सूची भेज दी थी। मगर भर्ती प्रक्रिया को स्थगित करने का 22 नवंबर को आदेश आया तो तब जाकर वह सूची भी दबी रह गई। वहीं प्रबंध समिति अभी भर्ती रद्द करने का कोई आदेश नहीं मिलने की बात कह रही है तो शिकायतकर्ता शासन के फैसले को अच्छा बता रहे हैं।
दिगंबर जैन डिग्री काॅलेज बड़ौत में 15 नवंबर 2023 से 22 असिस्टेंट प्रोफेसरों की भर्ती के लिए साक्षात्कार व अन्य प्रक्रिया शुरू की गई थी। कालेज में 14 विषयों के लिए असिस्टेंट प्रोफेसरों की भर्ती होनी थी। आठ विषयों के लिए साक्षात्कार हो चुके थे। जबकि अन्य पर जारी थे। इस बीच ही काॅलेज के प्रबंध समिति के सचिव जिनेंद्र कुमार जैन, दिगंबर जैन हाईस्कूल एसोसिएशन के सदस्य नरेंद्र कुमार जैन, बड़ौत जन समाज समिति के सदस्य अशोक कुमार आदि ने भर्ती में अनियमितता व भ्रष्टाचार के आरोप लगा शिकायत कर दी। इसका पता चलते ही भर्ती प्रक्रिया तेज कर दी गई और 22 नवंबर 2023 को भर्ती प्रक्रिया स्थगित करने के आदेश तक कई की नियुक्ति का प्रस्ताव पास कराने के लिए पत्र चौधरी चरण सिंह विवि को भेज दिया गया।
शिकायत के बाद प्रबंध समिति के सचिव ने दिया था इस्तीफा
इस भर्ती विवाद के कारण ही दिगंबर जैन डिग्री कालेज की प्रबंध समिति के सचिव जिनेंद्र कुमार जैन ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया था। जिनेंद्र कुमार जैन ने अपना इस्तीफा अपने दोनों बेटों के हाथ कालेज की प्रबंध समिति के पदाधिकारियों के पास भेजा था। जिनेंद्र कुमार जैन ने सचिव रहते कालेज में असिस्टेंट प्रोफेसर की भर्ती प्रक्रिया पर रोक लगाने की राज्यपाल, विश्वविद्यालय मेरठ के कुलपति आदि से शिकायत की थी। 21 नवंबर को दिए इस्तीफे को प्रबंध समिति ने स्वीकार कर लिया है। जिसके बाद प्रबंध समिति के संयुक्त सचिव डीके जैन ने सचिव का कार्यभार ग्रहण कर लिया है।
अभी भर्ती रद्द करने का आदेश नहीं मिला: संयुक्त सचिव
प्रबंध समिति के संयुक्त सचिव डीके जैन ने कहा कि अभी तक मेरे पास व कॉलेज में भर्ती के रद्द होने के संबंध में कोई पत्र अधिकारिक रूप से नहीं आया है। भर्ती पूरी पारदर्शिता के साथ की जा रही थी। कॉलेज में वर्तमान प्रबंध समिति कार्यरत है। प्रबंध समिति कालातीत नहीं है और न्यायालय के निर्देशों के तहत कार्य कर रही है। भर्ती के लिए शिक्षा निदेशक, क्षेत्रीय अधिकारी ने अनुमति दी है और विवि के वीसी ने एक्सपर्ट भी दिए हैं। एक्सपर्ट की अनुमति पर नियुक्तियां हुई हैं। जिनके साक्षात्कार पूरे हो चुके हैं, उनकी नियुक्ति का प्रस्ताव विवि में भेजा गया है जो अभी लंबित है। बाकी के साक्षात्कार अभी अधूरे हैं।
भर्ती को रद्द करना सही फैसला: शिकायतकर्ता
दिगंबर जैन हाईस्कूल एसोसिएशन के सदस्य नरेंद्र कुमार जैन का कहना है कि दिगंबर जैन डिग्री कॉलेज में असिस्टेंट प्रोफेसरों की भर्ती में अनियमितता का आरोप लगाते हुए शिकायत की थी। संयुक्त सचिव उच्च शिक्षा उप्र शासन ने भर्ती को रद्द करने के आदेश जारी किए हैं जो बिल्कुल सही फैसला है। भर्ती पूरी तरह से पारदर्शिता के साथ होनी चाहिए।