बागपत, अमीनगर सराय। विधवा से शादी करने के प्रस्ताव को लेकर गौसपुर गांव में 23 अगस्त को हुए बवाल के बाद घायल हुए व्यक्ति की मेरठ के अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई। इसमें मृतक पक्ष के लोगों ने पिटाई से घायल होने पर मौत होने और पुलिस पर जबरन अंतिम संस्कार कराने का आरोप लगाया।
गौसपुर गांव में 23 अगस्त को अनिल और ईश्वर पक्ष के बीच बवाल में कई लोग घायल हो गए। इसमें दोनों पक्षों ने एक दूसरे के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया और पुलिस ने कई लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। ईश्वर पक्ष के मनीष ने आरोप लगाया कि बीस सितंबर को उसका चाचा धर्मपाल हिसावदा गांव से दवाई लेकर वापस लौट रहा था। रास्ते में दूसरे पक्ष के लोगों ने लाठी डंडों से हमला कर गंभीर रूप से घायल कर दिया। जिसका जिला अस्पताल में उपचार कराया तो चिकित्सकों ने हालत गंभीर होने पर मेरठ रेफर कर दिया गया। मेरठ के अस्पताल में उपचार के दौरान धर्मपाल की मौत हो गई। उधर, सिंघावली अहीर पुलिस का कहना है कि मृतक धर्मपाल रास्ते में गिरकर घायल हो गया था, जिसकी मेरठ के अस्पताल में मौत हो गई। गांव में पुलिस बल तैनात किया गया है।
तनाव को देखते हुए गांव में पुलिस तैनात
गौसपुर गांव के व्यक्ति की मौत होने के बाद दोनों पक्षों में तनाव की स्थिति को देखते हुए पुलिस तैनात कर दी गई। जहां शव पहुंचते ही मृतक के परिजन मुकदमा दर्ज कराने की मांग को लेकर हंगामा करने लगे। आरोप लगाया कि पुलिस ने जबरन मृतक का अंतिम संस्कार करा दिया।