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Baghpat News: प्रशासन ने करोड़ों की जमीन कुर्क की, उसे भी बेच दिया

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अंकित चौहान
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बागपत। यहां तहसील प्रशासन और उप निबंधक कार्यालय का बड़ा कारनामा उजागर हुआ है। दिल्ली रोड पर करोड़ों की जिस जमीन को तहसील प्रशासन ने कुर्क किया हुआ है, उस जमीन को बेच दिया गया। जमीन का बैनामा व अनुबंध हरियाणा के पलवल, अलीगढ़ और मथुरा के लोगों के नाम किया गया है।
दिल्ली रोड पर करीब दस बीघा जमीन 2011 में बेची गई थी। उस समय 18 लाख 67 हजार रुपये स्टांप शुल्क चोरी के मामले में नोटिस जारी किया गया। नोटिस जारी होने के बाद भी उसे जमा नहीं कराया गया तो इसमें रिकवरी जारी की गई। 2017 में जमीन को बागपत तहसील प्रशासन ने कुर्क कर लिया। जिसे खतौनी तक में दर्ज कर दिया गया कि यह जमीन बकाया जमा न करने के कारण कुर्क की गई है। करीब पांच साल बाद 2023 की शुरूआत से जमीन के बैनामे व अनुबंध करने का खेल शुरू कर दिया गया। बैनामे व अनुबंध अन्य जिलों पलवल, अलीगढ़ और मथुरा के लोगों के नाम किए गए। इसमें अब शिकायत होने पर जांच शुरू हुई तो हड़कंप मचा हुआ है।
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प्रशासनिक व पुलिस अधिकारियों से शिकायत
जमीन को लेकर खींचतान शुरू हुई तो एटा जिले के झिनवार गांव के अनुराग उपाध्याय ने डीएम, एडीएम, एसडीएम, डीएफओ, एसपी, कोतवाली में शिकायत की गई। जिसमें कहा गया कि उस जमीन को कुर्क किया गया है और उसके बाद भी बैनामे व अनुबंध किए जा रहे हैं। इसके अलावा शिकायत में कहा गया कि उस जमीन पर हरे पेड़ खड़े थे और उनको भी काट दिया गया है। जिसके बाद मामले में जांच शुरू कराई गई।

वर्जन
इस बारे में जांच करके ही स्थिति साफ हो सकेगी कि वह कौनसी जमीन है और उसके बैनामे व अनुबंध कैसे हुए हैं। क्योंकि अगर बैनामे व अनुबंध हुए है तो उसकी जानकारी उप निबंधक कार्यालय से करनी पड़ेगी। निकेत वर्मा, एसडीएम
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मेरे सामने इस तरह की कोई बात नहीं आई है कि उस कुर्क जमीन का बैनामा या अनुबंध हुआ है। यह जरूर पता है कि जमीन कुर्क है और कुछ लोग बैनामा कराने के लिए दो दिन पहले आए थे। तब मैंने उनको मना कर दिया था। - शिव शंकर, उप निबंधक बागपत
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