बड़ौत। मेरठ क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले पांच डिपो में से केवल बड़ौत-मेरठ मार्ग पर संचालित भैंसाली डिपो की बसों में मशीनों से टिकट बनाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। जबकि अभी भी चार डिपो में हाथों से ही टिकट बनाकर यात्रियों को दिए जा रहे हैं।
बड़ौत डिपो में 62 निगम और 54 बसें अनुबंधित संचालित हैं। इनमें मशीनों से टिकट बनाए जा रहे थे। यह मशीन वाईफाई से भी काम करती है। स्मार्ट कार्ड भी इस मशीन में काम करते हैं। साइबर ठगों ने रोडवेज के टिकट सिस्टम में सेंध लगाते हुए हैक कर लिया। सिस्टम के हैक होने के चलते टिकट बुकिंग प्रभावित है। अभी तक बड़ौत डिपो को लगभग छह लाख का नुकसान हो चुका है।
मेरठ क्षेत्र में भैंसाली डिपो की बसों में मशीनों से टिकट बनाने शुरू कर दिए गए हैं। बड़ौत में भैंसाली डिपो की बसों का संचालन मेरठ-बड़ौत मार्ग पर होता है। मशीनों से टिकट मिलने पर यात्रियों ने खुशी जताई।
कोट...
- फिलहाल बड़ौत-मेरठ मार्ग पर संचालित भैंसाली डिपो की बसों में मशीनों से टिकट बनाने की सुविधा यात्रियों को मिलनी शुरू हो गई है, बड़ौत के अलावा अन्य डिपो में अभी हाथों से ही टिकट बनाए जा रहे हैं। - नरेंद्र मान, बस संचालन प्रभारी बड़ौत डिपो