बड़ौत। मलकपुर चीनी मिल पर गन्ने से भरी भैंसा बुग्गी और ट्रैक्टर-ट्राली लेकर जाने वाले किसानों के लिए ठंड से बचाव के कोई इंतजाम नहीं है। यह स्थिति तब है जब 50 से अधिक गांवों के किसान चीनी मिल से जुड़े हुए है। किसान सत्यवीर का कहना है कि मिल में गन्ना लेकर जाने वाले किसानों के लिए ठंड से बचने का कोई इंतजाम नहीं है। पूरी रात किसान ठंड में ठिठुरता रहता है। कई बार मांग भी कर चुकी है। किसान अंशुल कुमार का कहना है कि कुछ माह पहले चीनी मिल में किसानों के लिए बैठने और ठंड से बचाव की व्यवस्था करने के लिए धरना भी दिया था, लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। ठंड से बचने के लिए खुद ही किसानों को इधर-उधर से लकड़ियां एकत्रित कर अलाव जलाना पड़ रहा है। इस संबंध चीनी मिल के वाइस प्रेसीडेंट विपिन चौधरी का कहना है कि मिल में किसानों के लिए बैठने की व्यवस्था है। अन्य व्यवस्थाएं भी दुरुस्त कराया जा रहा है।