बागपत। बिजली नहीं होने पर भी गांवों में रोशनी रहे, इसके लिए पांच महीने पहले अफसरों ने करीब 100 गांवों से 21 लाख रुपये से ज्यादा यूपी नेडा को दिला दिए। मगर पांच महीने बाद भी अधिकतर गांवों में लाइट नहीं लग सकी। जबकि लाइट लगवाने के लिए ग्राम प्रधान लगातार यूपी नेडा के अधिकारियों को फोन कर रहे हैं। इस तरह पहले की लाइटें नहीं लगने के बावजूद अब अन्य गांवों से यूपी नेडा को पैसा दिलाने की तैयारी हो रही है।
गांवों में बिजली नहीं होने पर भी रात को रोशनी रहे, उसके लिए सार्वजनिक जगहों पर सोलर लाइट लगवाने की योजना बनाई गई। जिसके लिए यूपी नेडा को पांच महीने पहले एक लाइट के लिए करीब 14 हजार रुपये के हिसाब से एडवांस में भुगतान करा दिया गया। इस तरह करीब सौ गांवों से भुगतान कराया गया, जिनमें 160 लाइटें लगनी हैं। यूपी नेडा ने एडवांस रुपये लेकर भी अधिकतर गांवों में लाइटें नहीं लगवाई। जबकि प्रधान व सचिव लगातार अधिकारियों को फोन करके लाइट लगवाने की मांग कर रहे हैं। इस तरह पहले के सभी गांवों में लाइटें नहीं लगने के बावजूद अन्य गांवों से लाइटें लगवाने के नाम पर रुपये लेने की तैयारी हो रही है। इसके लिए यूपी नेडा की तरफ से सभी ब्लॉक के लिए पत्र जारी किया गया है और लाइटों को लगवाने के लिए कहा गया है।
अधिकारियों के कहने पर सोलर लाइटों के लिए भुगतान पहले ही कर दिया था। मगर अभी तक लाइटें नहीं लगी। जबकि हम लगातार अधिकारियों से लाइटों को लगवाने के लिए संपर्क कर रहे हैं। दीपक चौधरी, प्रधान मवीकलां
गांव में दो लाइट लगवाने के लिए यूपीनेडा को भुगतान कर दिया था। मगर अभी तक लाइटें नहीं लगी और यूपी नेडा के अधिकारियों को कई बार फोन किया जा चुका है। उसके बावजूद कोई सुनवाई नहीं हो रही है। लाइटों को जल्द लगवाया जाना चाहिए। प्रदीप शर्मा, प्रधान लहचौड़ा
-
वर्जन-
यहां 160 लाइटें लगाई जानी थी, जिनमें से करीब 125 लग चुकी है। अन्य लाइटों को जल्द लगवाया जाएगा। आचार संहिता के कारण कुछ परेशानी हो रही थी, अब जल्द लाइटों केा लगवाने का कार्य पूरा कर दिया जाएगा। प्रमोद शर्मा, परियोजना प्रभारी यूपीनेडा