बागपत। ईंट भट्ठों की चिमनी से पांच महीने बाद धुआं निकलना शुरू हो गया। जिससे ईंटों की किल्लत दूर होगी और उनके दाम में जल्द कमी आएगी। क्योंकि जिले में अधिकतर भट्ठों पर ईंट खत्म होने के कारण दाम में करीब एक हजार रुपये तक की बढ़ोतरी चल रही थी।
बागपत में करीब 450 ईंट भट्ठे हैं। इनको एनसीआर में होने के कारण एनजीटी के आदेश के अनुसार अक्तूबर में बंद करा दिया था। जहां फरवरी तक के लिए ईंटों का स्टॉक होता था, लेकिन इस बार भट्ठों को फरवरी में नहीं चलवाया गया। उन पर ईंट का स्टॉक खत्म हो गया।
जिससे भवन निर्माण कार्य प्रभावित होने लगे और ईंटों के दाम में बढ़ोतरी होनी शुरू हो गई। जहां पहले पांच हजार रुपये में एक हजार ईंट मिल रही थी, वह बढ़कर छह हजार तक पहुंच गए। बुधवार से भट्ठों की शुरूआत हो गई। अगले 15 दिन में ईंट का काफी स्टॉक उनपर हो जाएगा। उसके बाद ईंट के दाम में 500-1000 रुपये तक की कमी होने की बात कही जा रही है।
दिल्ली और नोएडा में होती है लाखों ईंट सप्लाई
बागपत के भट्ठों से करीब एक हजार ट्रक से रोजाना दिल्ली और नोएडा में ईंट सप्लाई होती है। एक ट्रक में करीब छह हजार ईंट जाती हैं और इस तरह से 60 लाख ईंटें रोजाना दिल्ली में सप्लाई होती हैं। ईंटों का स्टॉक खत्म होने से पिछले एक महीने से यह सप्लाई भी प्रभावित हो रही थी।
कोट...
भट्ठों को बुधवार से शुरू कर दिया है। जिससे ईंटों की किल्लत दूर हो जाएगी और भवन निर्माण में किसी तरह की समस्या नहीं होगी। - राजेंद्र सिंह, ईंट निर्माता समिति
- हर बार भट्ठे फरवरी में शुरू हो जाते थे, लेकिन इस बार कुछ देरी से शुरू हुए हैं। अब जल्द ही ईंटों का स्टॉक लग जाएगा और उसके बाद दाम भी एक हजार रुपये तक कम हो जाएंगे। जिससे भवन निर्माण करने वालों को राहत मिलेगी। - नीरज नैन, महामंत्री
- जिले के सभी भट्ठे शुरू हो गए हैं और अब ईंटों की कमी नहीं रहेगी। ईंटों की दिल्ली और अन्य जगह सप्लाई भी बाधित हो रही थी। वह भी अब शुरू हो जाएगी। - विनोद गोयल, कोषाध्यक्ष