बागपत। दिल्ली-सहारनपुर नेशनल हाईवे पर सरूरपुर में जिस गाड़ी से बाइक सवार कांवड़ियों को टक्कर मारी गई थी। उसमें पुलिस ने पूरा खेल किया। घायल अस्पताल में जिंदगी से जूझता रहा तो कोतवाली पुलिस ने वह गाड़ी छोड़ दी। अब घायल के परिजनों ने मुकदमा दर्ज कराया तो कोतवाली पुलिस की आफत आ गई और उस गाड़ी को तलाशने में जुट गई।
दिल्ली के कंझावला के रहने वाले ललित डबास के अनुसार 15 जुलाई को वह हरिद्वार से साथियों के साथ डाक कांवड़ लेकर लौट रहा था। दिल्ली-सहारनपुर हाईवे पर सरूरपुर कलां गांव के पास साथी सुमित के संग साइड में खड़ा था। तभी एक स्काॅर्पियों गाड़ी ने उनको टक्कर मार दी। हालत गंभीर देखते हुए जिला अस्पताल से हायर सेंटर रेफर कर दिया गया। ललित ने बताया कि उसका दिल्ली में उपचार चल रहा है। उधर हादसे के बाद पुलिस ने स्काॅर्पियों गाड़ी अपने कब्जे में लेकर कोतवाली में खड़ी कर ली, लेकिन पुलिस ने दो दिन पहले खेल करके उस गाड़ी को छोड़ दिया। लेकिन अब घायल ने परिजनों को मुकदमा दर्ज कराने के लिए कोतवाली भेजा तो पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया। जिसमें अब दोबारा से पुलिस उस गाड़ी को तलाशने में जुट गई है। इस मामले में सीओ विजय चौधरी का कहना कि गाड़ी छोड़ने का मामला संज्ञान में नहीं है। इस मामले में मुकदमा दर्ज किया गया है, जिसकी जांच के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। अगर इस तरह से गाड़ी को छोड़ा गया है तो वह गलत है, उसकी जांच होगी।
युवक पर धारदार हथियार से हमला
बागपत। सरूरपुरकलां गांव निवासी नितिश नैन ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि बुधवार को वह किसी काम से बाजार में जा रहा था। तभी गांव के विजय और मोहित रास्ते में मिले। जिन्होंने उसके साथ गाली-गलौज करते हुए मारपीट की और धारदार हथियार से हमला कर घायल कर दिया। आरोप लगाया कि दोनों हमलावरों ने तमंच दिखाकर उसे जान से मारने की धमकी भी दी। इस मामले में कोतवाली पुलिस ने विजय और मोहित के खिलाफ जानलेवा हमला करने की धारा में मुकदमा दर्ज कर लिया। संवाद
वकीलों की हड़ताल खत्म
बागपत। जिला बार एसोसिएशन की हड़ताल बुधवार को समाप्त हो गई। जिला बार एसोसिएशन के अध्यक्ष संजय तोमर ने बताया कि बैठक में सर्वसम्मति से दोनों अदालतों में नहीं जाने का निर्णय वापस लिया। इस मौके पर चांदवीर राणा, सरिता पंवार, सचिन शर्मा, रमाकांत शर्मा समेत अन्य मौजूद रहे। संवाद