बड़ौत। किसान मजदूर संगठन के पदाधिकारियों व किसानों ने बुधवार को तहसील में सभा के बाद 19 मांगों को लेकर पदयात्रा शुरू की। पदयात्रा पहले दिन अमीनगर सराय में पहुंचकर खत्म हुई। जिसकी वहां से बृहस्पतिवार को शुरूआत करके किसान कलक्ट्रेट में पहुंचेंगे और वहां पंचायत की जाएगी।
किसान मजदूर संगठन के कार्यकर्ता व किसान बुधवार को ट्रैक्टर-ट्राली में सवार होकर बड़ौत तहसील में एकत्र हुए। जहां पहले एक सभा की गई। सभा को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय उपाध्यक्ष अनु मलिक ने कहा कि मंहगाई चरम पर है और डीजल, पेट्रोल व खाद्य वस्तुओं के दाम बढ़ रहे है। मगर किसानों को फसलों का उचित दाम नहीं मिल रहा है। उन्होंने पूर्ण कृषि ऋण माफ व 450 रुपये प्रति क्विंटल गन्ने का भाव करने, बकाया गन्ना भुगतान करने, संरक्षित पशुओं से छुटकारा दिलाने समेत अन्य मांग उठाई।
तहसीलदार राजेश कुमार को किसानों ने ज्ञापन दिया। इसके बाद पदयात्रा का शुभारंभ हुई। यात्रा में आगे किसान पैदल चले और उनके पीछे ट्रैक्टरों की लंबी लाइन रही। पदयात्रा का गुराना, धनौरा, फतेहपुर पुटठी, बिजवाड़ा, तितरौदा, कैडवा समेत अन्य गांवों में स्वागत किया गया। यात्रा का रात्रि विश्राम अमीनगर सराय में हुआ, राष्ट्रीय अध्यक्ष ठाकुर पूरण सिंह भी पहुंच गए। बृहस्पतिवार को यात्रा सराय से चलकर बागपत कलक्ट्रेट पहुचेंगी। जहां पर पंचायत करके डीएम को ज्ञापन दिया जाएगा। इस मौके पर राष्ट्रीय प्रवक्ता ललित राण, जिलाध्यक्ष कालूराम, दीपक शर्मा, परवेज अहमद, यशवीर हिलवाड़ी, नरेंद्र किरठल, नवीन मलिक हिसावदा आदि रहे।
ये है मुख्य मांग
-किसानों को कृषि ऋण पूरी तरह से माफ हो।
-गन्ने का भाव 450 रुपये घोषित किया जाए।
-60 साल पूर्ण कर चुके किसानों व मजदूरों को 6 हजार रुपये प्रति माह पेंशन मिले।
-बिना शर्त नलकूप की बिजली फ्री की जाए।
-घरों में स्मार्ट मीटर न लगाए जाएं।
-बसौद गांव में प्रस्तावित बिजलीघर का निर्माण हो।
-जनपद के गांवों में स्थित तालाबों की खोदाई व चाहरदीवारी की जाए।
-युवाओं व छात्रों के पढ़ने के लिए लाईब्रेरी खोली जाए।