बड़ौत। नगर में दशलक्षण पर्व धूमधाम से शुरू हुआ। जैन मंदिरों से शोभा यात्राएं भी निकाली गईं। श्रद्धालुओं ने विधि-विधान के साथ मंदिरों और घरों में पूजा कर धर्म लाभ उठाया।
बड़ा दिगंबर जैन मंदिर से भगवान चंद्रप्रभु की पालकी यात्रा धूमधाम से निकाली गई। पालकी यात्रा हाथीखाना, गांधी चौक, लोहिया बाजार, ठाकुरद्वारा, संजय मूर्ति, नेहरू मूर्ति, घट्टा बाजार से होते हुए वापिस दिगंबर जैन बड़ा मंदिर पहुंची। मंदिर में भगवान चंद्रप्रभु का अभिषेक कर ध्वजारोहण करने का सौभाग्य सुनील जैन व संयम जैन को मिला।
विधानाचार्य डॉ. श्रेयांश जैन के निर्देशन में मुनि श्री 108 विशुभ्र सागर व विश्वार्क सागर महाराज के सानिध्य में संगीतकार सिद्धार्थ की मधुर धुनों के बीच श्री तेरह दीप मह ामंडल विधान प्रारंभ हुआ। बड़ा मंदिर, छोटा मंदिर व अतिथि भवन में भगवान की आरती की गई। सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए गए। मौके पर दिगंबर जैन समाज समिति के अध्यक्ष प्रवीण जैन, अतुल जैन, राजेश जैन, वीरेंद्र जैन, दिनेश जैन, सतीश जैन मौजूद रहे।
शांति विधान की पूजा कराई
बड़ौत। अजितनाथ सभागार पांडुकशिला मैदान में भी शांति विधान का आयोजन किया। मुनि विशुभ्र सागर महाराज एवं मुनि विश्वार्क सागर महाराज के सानिध्य में विधानाचार्य पंडित राजकिंग ने शांति विधान की पूजा कराई। पूजा में नवदेवता पूजन, भगवान अजितनाथ पूजन और दशलक्षण धर्म की पूजन की गई। सौधर्म इंद्र सुनील जैन द्वारा मंडल पर 108 अर्घ्य अर्पित किए। संगीतकार अरुण जैन ग्वालियर के मधुर भजनों ने माहौल में भक्ति रस घोला। मुनि श्री के पाद प्रक्षालन का सौभाग्य हंस कुमार जैन और राकेश जैन को प्राप्त हुआ। शाम को आरती और पाठशाला के बच्चों द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुति दी गई। पुरस्कार वितरण दिनेश जैन द्वारा किया। संवाद
शांतिनाथ विधान का आयोजन, पांडुकशिला पर विराजमान किए श्रीजी
बड़ौत। 1008 पार्श्वनाथ दिगंबर जैन मंदिर नेहरू रोड पर श्री शांतिनाथ विधान का आयोजन किया। इससे पहले श्रीजी को पांडुकशिला पर विराजमान किया। पंडित नेमीचंद जैन ने दैनिक पूजा के साथ-साथ पार्श्वनाथ पूजा, दशलक्षण पूजा और 24 भगवानों की पूजा की गई। मौके पर राजीव जैन, सत्येंद्र जैन, नरेशचंद जैन, मुकेश जैन, संयम, आदिश, अमित जैन, संजीव मौजूद रहे। संवाद
श्रद्धालुओं ने मंदिरों में की श्रीजी की पूजा
खेकड़ा। दशलक्षण पर्व पर क्षेत्र के जैन मंदिरों में आयोजित धार्मिक अनुष्ठान में श्रद्धालुओं ने श्रीजी की विशेष पूजा-अर्चना की। बड़ागांव स्थित पार्श्वनाथ दिगंबर जैन मंदिर, त्रिलोक तीर्थ धाम जैन मंदिर श्रीजी के जयकारों से गूंज उठे। भगवान महावीर दिगंबर जैन मंदिर में ब्रह्मचारी पवन जैन के सानिध्य में अभिषेक किया। सतीश जैन, प्रासुक जैन को शांति धारा का सौभाग्य प्राप्त हुआ। शांति विधान में प्रवीण जैन, मनोज, अंकित, ओमप्रकाश, वंश, सलोचना, उर्मिला, इंद्रा, उषा, मधु आदि श्रद्धालु शामिल रहे। बड़ागांव स्थित त्रिलोक तीर्थ धाम जैन मंदिर में झंडारोहण समिति अध्यक्ष गजराज गंगवाल, राजेंद्र प्रसाद जैन, प्रवीण जैन ने किया। चंद्रमति माताजी और दृष्टि भूषण माताजी के सानिध्य में शुरू हुए अनुष्ठान में पंडित कमल कुमार ने उत्तम क्षमा धर्म का पूजन कराया। मंदिरों में लघु नाटिका, भजन, शास्त्र प्रवचन और प्रश्न मंच कार्यक्रमों का आयोजन हुआ। संवाद