बागपत के बड़ौत कोतवाली क्षेत्र के बावली गांव में दो भाइयों राजकुमार और जयवीर की हत्या में शामिल दो हत्यारोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। उनकी निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त तमंचा पुलिस ने बरामद किया है। दो आरोपी पूर्व में भी जेल जा चुके हैं। मुख्य आरोपी अजित उर्फ हप्पू अभी भी पुलिस गिरफ्त से दूर है।
17 अगस्त को बावली गांव में राजकुमार और जयवीर की गोलियों से भूनकर हत्या कर दी गई थी। इस मामले में अजित सिंह उर्फ हप्पू समेत नौ लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। पुलिस दो हत्यारोपी विक्रंात छछरपुर और लोकेश खेड़ा हटाना को पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है।
थानाध्यक्ष रामजीलाल ने बताया कि पुलिस ने बरवाला मार्ग से इस हत्या में शामिल रहे दीपक पुत्र इंदरपाल, सोबीर पुत्र करतारा निवासी बावली को गिरफ्तार किया है और उनकी निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त एक तमंचा भी बरामद किया है।
थानाध्यक्ष ने बताया कि 2010 में तेजबीर की हत्या हुई थी, जिसमें मरने वाले दोनों भाई, उसके पिता समेत चार जेल गए थे। इस हत्या में हप्पू मुख्य गवाह था। इनका फैसला भी हो गया था, जिसमें अजित उर्फ हप्पू ने तीन लाख और मृतक तेजबीर के परिवार वालों ने पांच लाख राजकुमार, जयवीर के परिजनों ने लिए थे।
कुछ समय बाद ही राजकुमार, जयवीर ने पकड़े गए दीपक पुत्र इंद्रपाल पर गोलियां चलाई थी। इस मामले में भी दोनों जेल गए थे और हाल ही में जमानत पर आए थे। इसी रंजिश उन्होंने अजित उर्फ हप्पू के साथ मिलकर दोनों भाइयों की हत्या की। अब इस मामले में अजित समेत सात लोग फरार हैं।