प्रधानाध्यापक सतपाल शर्मा की हत्या के बाद जांच करते डीएम और एसपी।
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बागपत के ग्राम खिंदौड़ा के आदर्श प्राथमिक विद्यालय में प्रधानाध्यापक सतपाल शर्मा (58) को जमीन की रंजिश के चलते शनिवार सुबह पौने दस बजे तीन बदमाशों ने गोलियों से भूनकर हत्या कर दी। हत्या कर भाग रहे एक बदमाश को लोगों ने गांव में ही घेरकर पीट-पीटकर मौत के घाट उतार डाला। जबकि दो बदमाश भागने में कामयाब हो गए। घटना से भड़के परिजनों ने पुलिस के खिलाफ जमकर हंगामा किया। सिंघावली अहीर थाना प्रभारी की वर्दी तक फाड़ने का प्रयास किया।
सिंघावली अहीर गांव के सतपाल शर्मा खिंदौड़ा गांव के आदर्श प्राथमिक विद्यालय में प्रधानाध्यापक थे। वे प्रतिदिन की तरह शनिवार को सुबह के समय भी अपने घर से स्कूल में पहुंचे। मध्याह्न भोजन के समय वे स्कूल के बरामदे में बैठे थे। तभी उनके पास दो बदमाश आकर बैठ गए। उन्होंने बच्चों से बदमाशों को पानी पिलवाया। इसके बाद बदमाशों ने प्रधानाध्यापक पर फायर झोंक दिया। एक गोली लगने पर वे स्कूल के टीचर दीपक का नाम लेते हुए दौड़े। बदमाशों ने पीछा कर करीब 50 कदम दूरी पर ही प्रधानाध्यापक को दो ओर गोली मार दी। इससे मौके पर ही उनकी मौत हो गई।
हत्या करने के बाद बदमाश अलग-अलग रास्तों से भागने लगे। लोगों ने पीछा कर एक बदमाश को पकड़ लिया और उसको पीट-पीट कर मौत के घाट उतार डाला। जबकि एक बदमाश खेत के रास्ते और दूसरा बाइक से फरार हो गया। मृतक बदमाश की शनाख्त दोघट क्षेत्र के गांव निरपुड़ा निवासी सोनू उर्फ शिशुपाल उर्फ अमरीकन के रूप में हुई है। प्रधानाध्यापक की हत्या की सूचना मिलते ही मौके पर डीएम हृदय शंकर तिवारी और एसपी रवि शंकर छवि पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने घटनास्थल का निरीक्षण किया।
पुलिस के पहुंचते ही लोगों ने जमकर हंगामा किया और पुलिस को आड़े हाथों लिया। परिजनों ने कहा आरोपी लगातार जान से मारने की धमकी दे रहे थे। 26 मार्च 2016 को आरोपियों ने उनके मकान पर फायर किया। शिकायत करने के बावजूद पुलिस ने कार्रवाई नहीं की। परिजन सिंघावली अहीर थाना प्रभारी से तो उलझ गए। उनकी वर्दी तक फाड़ने का प्रयास किया।
एसपी छवि शंकर छवि ने कहा इस मामले में सिंघावली अहीर थाना पुलिस की लापरवाही रही है। घटना को अंजाम देने वालों के अलावा लापरवाह पुलिस वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई होगी।
पौने दो साल पूर्व हो चुकी बेटे की हत्या
बागपत। प्रधानाध्यापक सतपाल शर्मा के बेटे सतीश शर्मा की 4 जुलाई 2014 को खेत में गोलियों से भूनकर हत्या कर दी थी। इस मामले में 11 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज हुई थी। पुलिस ने केवल दो आरोपियों को ही जेल भेजा था। सतपाल केस के गवाह थे और वे केस की पैरवी कर रहे थे।