बागपत। भड़ल गांव के चौथी के छात्र आर्यन उर्फ क्रिश की अपहरण के बाद हुई हत्या के मामले में भड़ल चौकी का स्टाफ सस्पेंड होने के बाद सीओ बड़ौत सीपी सिंह ने बुधवार को खुद चौकी पर डेरा डाल दिया। सादे कपड़ों में पुलिस तैनात है।
चौकी का नहीं बदला स्थान
ग्रामीणों ने डीआईजी लक्ष्मी सिंह से भड़ल चौकी हटवाने की मांग की थी। डीआईजी ने चौकी का स्थान बदलने का आश्वासन दिया था। बुधवार शाम तक चौकी का स्थान नहीं बदला गया है।
दाहा चौकी प्रभारी लाइन हाजिर
बागपत। दोघट पुलिस पर अफसरों की कार्रवाई का डंडा लगातार जारी है। मंगलवार को भड़ल चौकी सस्पेंड की गई थी। बुधवार को दाहा चौकी प्रभारी को भी लाइन भेज दिया। आर्यन के अपहरण को लेकर पुलिस अफसर काफी टेंशन में हैं। लोगों की शिकायत पर मंगलवार को शाम के समय ही भड़ल चौकी का पूरा स्टाफ बदल गया।
सबसे बड़ा सवाल
बागपत। दोघट थाना क्षेत्र के भड़ल के कांवड़ सेवा शिविर से 28 जुलाई को चमड़ा कारोबारी रविंद्र के बेटे आर्यन का अपहरण हो गया। डेढ़ करोड़ की फिरौती मांगी गई, मासूम की हत्या हुई, लेकिन सबसे बड़ा सवाल यह है कि बड़ौत-मुजफ्फरनगर मार्ग पर सैकड़ों लोगों के बीच से आर्यन अपहरणकर्ताओं के चंगुल में कैसे फंसा। पुलिस अब तक इस सवाल का जवाब नहीं तलाश कर पाई है।
सबसे बड़ी चूक
बागपत। 30 जुलाई को शाहपुर बाणगंगा और खपराणा गांव का जंगल घेरा। महिला ने पुलिस को सूचना दी थी कि बाइक पर दो बदमाश एक बच्चे को बीच में बैठाकर तमंचा सटाए हुए इधर से गुजरे हैं। सूचना इसलिए सटीक साबित हुई, क्योंकि बाइक और तमंचा बरामद हुआ। तमंचे को उठाने के फेर में पुलिस ऐसी उलझी कि बदमाश पकड़ से ही बाहर हो गए। हकीकत केस के खुलासे के बाद ही सबके सामने आएगी।
लखनऊ पहुंच रही पल-पल की जानकारी
भड़ल की घटना को लेकर बागपत पुलिस-प्रशासन ही नहीं शासन तक टेंशन में है। लखनऊ में बैठे अफसर जिले के अफसरों से पल-पल की जानकारी ले रहे हैं।