छपरौली (बागपत)। ईंट भट्टा मालिकों के मजदूरी के रुपये नहीं देने और मजदूरों का उत्पीड़न करने का मामला सामने आया है। रुपये नहीं होने के कारण एक मजदूर अपने बेटे का इलाज भी नहीं करा सका। इससे उसकी मौत हो गई। पीड़ित मजदूरों ने मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर शिकायत की। इस पर संज्ञान लेकर छपरौली पुलिस ने आरोपी भट्ठा मालिकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।
सादिकपुर सिनौली निवासी नरेश पुत्र ज्ञान दास ने मुख्यमंत्री को भेजे शिकायत पत्र में बताया कि वह और अन्य लोग परिवार के साथ गांव के ही एक ईंट भट्ठे पर 2016-17 में ईंट पथाई का कार्य किया । भट्ठा मालिक ने 545 रुपये प्रति हजार ईंट के हिसाब से रुपये देने का वायदा किया , लेकिन कुछ समय रुपये देने के बाद आरोपी भट्ठा मालिकों ने मजदूरी देना बंद कर दिया । रुपये मांगने पर उनके साथ गाली-गलौज, जातिसूचक शब्द कहते थे और मारपीट भी करते थे। एक दिन आरोपियों ने भट्ठे से धक्का देकर उनको बाहर भगा दिया । रुपये न देने के कारण मजदूर सुरेश अपने बीमार बेटा का इलाज भी अस्पताल में नहीं करा पाया , इस कारण उसके बेटे की मौत हो गई । इससे वे परेशान हैं। मुख्यमंत्री दफ्तर ने शिकायत को संज्ञान में लेकर पुलिस कार्रवाई करने के निर्देश दिए। पुलिस ने आरोपी भट्ठा मालिक रामवीर सिंह और रोहित के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया। छपरौली थानाध्यक्ष बृजेश कुमार कुशवाहा ने कहा केस की विवेचना के आधार पर कार्रवाई होगी।