रोशन गढ़ गांव निवासी तीन युवकों ने सिंघावली अहीर थाना पुलिस ने पिटाई करने का आरोप लगाया है। पुलिस ने रविवार की रात में तीनों थाने में बेरहमी से पीटा। पीड़ित परिजनों के साथ एसपी दफ्तर पर पहुंचे, लेकिन अधिकारियों के न मिलने पर वापस लौट गए। थाना पुलिस ने कहा तीनों युवकों के आरोप निराधार हैं।
रोशन गढ़ गांव निवासी जाहिद, अरशद व अमजद तीनों कैंटर में सवार होकर सराय मोड़ पर वेल्डिंग कराने गए थे। आरोप है कि ट्रैफिक पुलिस कर्मी ने बेवजह कैंटर को पकड़ लिया। उनकी पुलिस कर्मी से बहस हो गई। इसी को लेकर उसने सिंघावली अहीर थाने से पुलिस को बुला लिया। पुलिस तीनों को सिंघावली अहीर थाने में ले गई। आरोप है कि पुलिस ने रात में छह बार थाने के अंदर उनकी पिटाई की। उनके खिलाफ फर्जी मुकदमा दर्ज कर लिया। सोमवार को परिजनों ने तीनों युवकों की जमानत कराई। परिजन युवकों को लेकर एसपी दफ्तर पर पहुंचे, लेकिन अधिकारियों के न मिलने से वे वापस लौट गए। उन्होंने कहा कि यदि उन्हें इंसाफ नहीं मिला तो वे उच्चाधिकारियों से शिकायत करेंगे। इस संबंध में सिंघावली अहीर थानाध्यक्ष हरेराम यादव ने बताया कि तीनों युवक ट्रैफिक पुलिस कर्मी से हाथापाई कर रहे थे। पुलिस कर्मी ने उनके खिलाफ थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई । पुलिस ने थाने में उन्हें नहीं पीटा। उनके द्वारा लगाए गए आरोप निराधार है।