बागपत। जनपद पुलिस कागजों में क्राइम ग्राफ घटाने की माहिर है। हरिया खेड़ा में परिवार को बदमाशों ने बंधक बनाकर डाका डाला। पुलिस कार्यशैली के विरोध में लोगों ने बालैनी थाने में खूब हंगामा किया। पुलिस ने बदमाशों को पकड़कर केस का खुलासा करने के बजाए केस को चोरी में दर्ज किया। हरिया खेड़ा गांव के किसान वीरेंद्र का परिवार शुक्रवार की रात में मकान में सो रहा था। रात करीब 12 बजे आठ-नौ बदमाशों ने मकान में घुसकर परिवार को बंधक बनाकर गन प्वाइंट पर 10 हजार रुपये की नगदी, सोने-चांदी के आभूषण और तीन मवेशी लूटकर ले गए । ग्रामीणों के बताने के बाद भी पुलिस ने लुटेरों को पकड़ने का प्रयास नहीं किया । इससे गुस्साए लोगों ने शनिवार को बालैनी थाने में नारेबाजी कर गुस्से का इजहार किया। पुलिस ने इस केस में भी खेल कर दिया। डकैती की धारा में मुकदमा दर्ज न करके चोरी में लिखा। उधर, थाना पुलिस ने कहा पीड़ित वीरेंद्र ने जो तहरीर दी है कि उसी पर मुकदमा दर्ज किया है।
पहले भी सामने आ चुके हैं ऐसे मामले
बागपत। सुल्तानपुर हटाना गांव के युवक से पिछले माह बदमाशों ने नैथला-फैजपुर निनाना मार्ग पर स्कूटी लूटी । सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर भी पहुंची । बदमाशों की तलाश भी की ,लेकिन पुलिस ने केस लूट की धारा में दर्ज न करके चोरी में दर्ज किया।
डकैती का खुलासा न होने से ग्रामीणों में रोष
बागपत। हरिया खेड़ा गांव के किसान वीरेंद्र के मकान में हुई लाखों रुपये की डकैती के मामले में पुलिस 40 घंटे बाद भी खाली हाथ है। इसको लेकर ग्रामीणों में काफी रोष व्यक्त है। उनका कहना है कि यदि पुलिस ने जल्द केस का खुलासा नहीं किया तो उच्चाधिकारियों से शिकायत की जाएगी।