बड़ौत (बागपत)।
ट्रांसफार्मर वर्कशाप से मिलने वाले ट्रांसफार्मरों को ठेकेदार के रास्ते में बेचकर विद्युत निगम को हर माह लाखों का नुकसान पहुंचाने का मामला प्रकाश मेें आया है। शिकायत मिलने के बाद निगम के अफसर जांच करने में जुट गए हैं।
शिकायतकर्ता इकबाल बड़ौत नगर का रहने वाला है। विद्युत निगम के अफसरों को शिकायती पत्र देकर उसने बताया दिल्ली-सहारनपुर हाईवे स्थित ट्रांसफार्मर वर्कशाप में क्षेत्र से फूंके ट्रांसफार्मर उठाकर लाने और उसके बदले नया ट्रांसफार्मर मिलने पर वापस लेकर जाने का ठेकेदार बिजरौल गांव के एक व्यक्ति पर है। जो काफी दिनों से वर्कशाप में काम कर रहा है। उन्होंने कहा उक्त ठेकेदार वर्कशाप से मिलने वाले ट्रांसफार्मरों को अपने निजी फायदे के लिए चोरी छिपे गलत ढंग से बेचकर निगम को हर माह लाखों रुपये का चूना लगा रहा है।
उन्होंने कहा गत माह हिसावदा टाऊन का 250 केवीए का विद्युत ट्रांसफार्मर फूंक गया था। विद्युत निगम अफसरों ने हिसावदा टाऊन के लिए संबंधित ठेकेदार को नया ट्रांसफार्मर यूनिक संख्या 60002 रखने को दिया, लेकिन उक्त ठेकेदार ने बीच रास्ते मेें ही उक्त ट्रांसफार्मर को बदल दिया और उसकी जगह दूसरा ट्रांसफार्मर रख दिया। निगम से दिए एल्युमीनिया के ट्रांसफार्मर की कीमत लगभग दो लाख रुपये से अधिक थी, लेकिन ठेकेदार ने वहां पर कॉपर (जिसकी कीमत मात्र 50 हजार थी) वाला ट्रांसफार्मर रख दिया। इस शिकायत के बाद निगम के अफसरों में हड़कंप मच गया है और वे जांच करने में जुट गए है। इस संबंध मेें वर्कशाप एसडीओ सुधीर कुमार ने कहा ठेकेदार के ट्रांसफार्मर बदलने की शिकायत मिली है। जांच कर कार्रवाई होगी। दूसरी तरफ आरोपी ठेकेदार बचाव के लिए अपने आकाओं की शरण में पहुंच गया है।