बागपत। काठा गांव में दो साल पहले विद्युत करंट से हुई संविदा लाइनमैन की मौत के मामले में विद्युत निगम के तत्कालीन जेई सहित तीन लोगों के खिलाफ न्यायालय के आदेश पर मुकदमा दर्ज कराया। पुलिस ने विवेचना शुरू कर दी।
काठा गांव निवासी बबीता पत्नी स्वर्गीय जोगेंद्र सिंह ने मुकदमा दर्ज कराकर बताया कि उसका पति जोगेंद्र बिजलीघर काठा में संविदा लाइनमैन के पद पर तैनात था। 11 अप्रैल 2017 को विद्युत वितरण खंड बागपत के तत्कालीन जेई रवि प्रताप ने विद्युत लाइन में फाल्ट ठीक करने के लिए बुलाया। एसएसओ विजय कुमार से शट डाउन लेकर वह फाल्ट ठीक करने के लिए खंभे पर चढ़ गया। इसी समय एसएसओ ने विद्युत लाइन चालू कर दी। करंट लगने से वह गंभीर रूप से झुलस गया । 18 अप्रैल 2018 को दिल्ली के जीटीबी अस्पताल में उसकी मौत हो गई । महिला ने उसी समय तहरीर दी, लेकिन पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। पीड़ित ने न्यायालय में प्रार्थना पत्र देकर न्याय की गुहार लगाई। दो साल बाद न्यायालय के आदेश पर कोतवाली पुलिस ने तत्कालीन जेई रवि प्रताप, एसएसओ विजय कुमार एवं ठेकेदार नरेंद्र कुमार मिश्रा के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। कोतवाली प्रभारी शिव प्रकाश सिंह ने बताया कि विवेचना के आधार पर कार्रवाई होगी।