बागपत। काठा गांव के नाव हादसे में पुलिस ने कार्रवाई शुरू कर दी। पुलिस ने शनिवार को यमुना किनारे से खूनी नाव को हटाकर कब्जे में ले लिया है।
बृहस्पतिवार को सुबह के समय काठा गांव के यमुना घाट से नाविक रिजवान नाव में सवारियों को बैठकर दूसरे छोर पर लेकर जा रहा था। थोड़ा चलते ही नाव गहरे गड्ढे में समा गई । इसमें 14 महिला और 5 पुरुषों की जान गई। जबकि गोताखोरों ने 11 लोगों की जान बचाई । इसे लेकर भारी बवाल हुआ था। इस मामले में आरोपी रिजवान के खिलाफ कोतवाली में मुकदमा दर्ज हुआ । इस मामले में पुलिस ने कार्रवाई शुरू कर दी ।
केस के विवेचक सरदार सिंह अकेले ही खूनी नाव को कब्जे में लेनेे के लिए शनिवार को गांव काठा में यमुना नदी के किनारे पहुंचे। उन्होंने एक किसान का ट्रैक्टर मंगवाया। नाव निकालते समय ट्रैक्टर रेत में फंस गया। तभी एक किसान ओर अपना ट्रैक्टर लेकर मौके पर पहुंच गया। दोनों ट्रैक्टर की मदद से नाव को खादर क्षेत्र से निकाला गया। गांव में हाईवे पर आने के बाद नाव को ट्राली में रख कर ट्रैक्टर से थाने में लाया गया। काठा के लोग पुलिस की लाठियां खाने के बाद भी पुलिस का सहयोग करने से पीछे नहीं हट रहे हैं।