खेकड़ा (बागपत)। शिवानी की लाश मिलने के बाद से कस्बे में गम पसरा है। पुलिस और परिजन शिवानी की तलाश ही कर रहे थे कि इस बीच शाह गार्डन के निकट बोरे में बंद लाश मिली। पुलिस की दिनभर की छानबीन और बढ़ते दबाव के बाद ही हत्यारे शिवानी की लाश को बोरे में बंद कर फेंक गए। पुलिस बोरे तक जरूर पहुंची, लेकिन हत्यारे पुलिस को चकमा देने में कामयाब हो गए।
परिजन बुधवार दोपहर से ही शिवानी की तलाश में जुट गए थे। बुधवार को बाजार की छुट्टी होने के कारण अधिकतर दुकानें बंद थी। पुलिस को आशंका है कि बाजार से घर जाते समय ही शिवानी के पीछे हत्यारे लग गए होंगे। बृहस्पतिवार को पुलिस ने कसबे के मुख्य मार्गों पर लगे सीसीटीवी कैमरे खंगाले, लेकिन शिवानी नहीं मिली। पुलिस की जांच में तेजी आती गई। पुलिस का दबाव बढ़ा और हत्यारे पल-पल की जानकारी रख रखे थे। जैसे ही अंधेरा गहराने लगा हत्यारों ने लाश को कसबे के बाहरी इलाके में ठिकाने लगा दिया। पुलिस ने शव तो बरामद कर लिया है और आधा दर्जन से अधिक संदिग्ध युवकों को हिरासत में लिया है, लेकिन मौत की वजह अभी तक पुलिस को पता नहीं चली है।
सीओ वंदना शर्मा का कहना है कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही पता लग सकेगा। ऐसा प्रतीत होता है कि बच्ची की गला दबाकर हत्या की गई है। रेप की संभावना से उन्होंने इंकार किया है। विभिन्न बिंदुओं को लेकर जांच की जा रही है। कई संदिग्ध को हिरासत मे लेकर पूछताछ की जा रही है। बच्ची की मां निर्मला, पिता हरिओम व भाई शिवा का रोकर बुरा हाल है। शिवानी होली चाइल्ड एकेडमी में कक्षा पांच की छात्रा थी।
महिला आयोग की सदस्या ने एक दिन पहले पढ़ाया था पाठ
खेकड़ा। महिला आयोग की सदस्य राखी त्यागी ने पुलिस को एक दिन पहले ही महिला और बच्चियों पर होने वाले अपराध को रोकने का पाठ पढ़ाया था। पुलिस चेकिंग और बाजार में सक्रियता के दावों की पोल फिर खुल गई। भीड़ भरी जगह से बच्चों लापता हुई और हत्या कर दी गई।
वारदात में पहचान का व्यक्ति हो सकता है शामिल
खेकड़ा। पुलिस को अंदेशा है कि वारदात में कोई पहचान का व्यक्ति शामिल हो सकता है। माना जा रहा है कि जैसे ही शिवानी बाजार से घर की तरफ चली होगी कोई पहचान का व्यक्ति ही उसे बहलाकर अपने साथ किसी ठिकाने पर ले गया। यहीं पर हत्या की और शव को बोरे में बंद कर लाश को फेंक दिया।
पुलिस और परिवार की खबर रख रहा था हत्यारा
खेकड़ा। जिस तरीके से सुनियोजित तरीके से लाश को ठिकाने लगाया गया है, उससे आशंका है कि हत्यारा पुलिस की गतिविधि और परिवार की कार्रवाई की पल पल की जानकारी रख रहा था। आशंका है कि हत्या बुधवार रात की गई, लेकिन शव को बृहस्पतिवार को ठिकाने लगाना संभव नहीं रहा। ऐसे में बृहस्पतिवार शाम को अंधेरा घिरते ही हत्यारे ने योजना को अंजाम दिया। एक से अधिक लोग भी वारदात में शामिल हो सकते हैं।