बागपत। जिला कारागार से चेकअप के लिए पूर्व विधायक रामवीर शौकीन को दिल्ली लेकर गए एसआई समेत तीन पुलिसकर्मियों पर गाज गिर गई है। एसपी शैलेश पांडेय ने तीनों को सस्पेंड कर दिया है। बीमारी के दौरान और जेल में रहने के दौरान शौकीन से मिलने आने वाले लोगों की कुंडली खंगाली जानी शुय कर दी गई है। बागपत जेल में बंद शौकीन के करीबियों से भी पूछताछ की जा रही है।
एसपी शैलेश पांडेय ने बताया कि रामवीर शौकीन को बागपत से दिल्ली ले जाने वाले एसआई समर सिंह, कांस्टेबल राजकुमार और सुंदर को सस्पेंड कर दिया गया है। मामले पर जांच बैठा दी गई है। बागपत जेल में बंद रहने के दौरान रामवीर शौकीन से मुलाकात के लिए आने वाले लोगों के अलावा जिला अस्पताल में उपचार के दौरान उससे मिलने कौन-कौन लोग आए थे, इसकी जांच शुरू कर दी गई है।
पूर्व विधायक की फरारी की साजिश बागपत जेल में रची गई। शौकीन के नजदीकी रहे बंदियों से भी पूछताछ की गई है, लेकिन देर रात तक कोई खास जानकारी पुलिस के हाथ नहीं लग सकी थी।
शौकीन के घर मिली थी बागपत से लूटी गई एके 47
बागपत। भूरा फरारी केस में शौकीन समेत 24 लोगों के नाम सामने आए थे। उत्तराखंड पुलिस से लूटी गई एके 47 दिल्ली में पूर्व विधायक के खाली प्लॉट में मिट्टी में दबी हुई मिली थी।
रामवीर के ऑफिस में रची गई थी साजिश
बागपत। पुलिस ने नीरज बवाना की निशानदेही पर भूरा फरारी केस में पुलिस से छीने गए हथियार बरामद किए थे। आरोप है कि उन्हें छिपाने में रामवीर का ही हाथ था। पुलिस का कहना है कि बागपत से अमित को भगाने की साजिश रामवीर के दफ्तर में ही रची गई थी।