बागपत। धनौरा सिल्वर नगर गांव के गौरव हत्याकांड के खुलासे से नाराज परिजनों ने कहा कि पुलिस ने गलत खुलासा किया है। मृतक के किसी महिला से अनैतिक संबंध नहीं थे। उसकी हत्या सात लाख की सुपारी लेकर की । इस मामले में अभी मुख्य आरोपी समेत चार लोग फरार हैं। पीड़ित परिवार को जान का खतरा है। उन्होंने एसपी से सही खुलासे की मांग की। परिजनों ने भूख हड़ताल की भी चेतावनी दी है।
धनौरा सिल्वरनगर गांव के जंगल में 22 अगस्त की रात को गौरव राणा पुत्र आनंद पाल की गला रेत कर हत्या की। पिता ने गांव के पारूल, ऋषि, निशांत व अजयपाल के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस के दबाव के चलते कुछ दिन पूर्व आरोपी पारूल ने सीजेएम कोर्ट में आत्मसमर्पण किया। बुधवार को बिनौली पुलिस ने आरोपी पारूल को पीसीआर पर लेकर हत्या का खुलासा किया। इस खुलासे से मृतक के परिजन संतुष्ट नहीं है।
बृहस्पतिवार को परिजन आरोपी पारूल की पत्नी और ससुर के साथ एसपी दफ्तर पहुंचे। उन्होंने बताया कि मृतक गौरव के किसी महिला से अवैध संबंध नहीं थे। पारूल ने असली आरोपियों को बचाने के लिए झूठी कहानी रची है। मुख्य आरोपी ऋषि व अजयपाल ने सात लाख रुपये की सुपारी देकर गौरव की हत्या कराई। आरोपी पारूल के ससुर धर्मवीर निवासी बेहटा ने बताया कि 22 अगस्त को रोबिन व गौरव उनके पास आए थे। दस मिनट बाद ही चले गए थे। उनके साथ पारूल नहीं था। पारूल झूठ बोल रहा है। मृतक के पिता आनंद पाल ने एसपी से जिस महिला से अनैतिक संबंध के आरोप लगाया है, उसके बयान दर्ज कर सही आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। इसमें गौरव की मां मोहन देवी, बहन खुशबू, चाची सीमा, शशि, चाचा अशोक आदि रहे।