इकोनॉमिक कॉरिडोर के इंटरचेंज के लिए अधिग्रहण जमीन की पैमाइश सही नहीं होने का आरोप
संवाद न्यूज एजेंसी
बागपत। दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कोरिडोर के इंटरचेंज के लिए अग्रवाल मंडी टटीरी में अधिग्रहीत जमीन की सही निशानदेही नहीं होने का किसानों ने आरोप लगाया है। उन्होंने अधिकारियों से निशानदेही सही कराने की मांग की है। इसके साथ ही जमीन अधिग्रहण से प्लॉट प्रभावित होने पर उसका अलग से मुआवजा देने की मांग की है।
अग्रवाल मंडी टटीरी निवासी विजय सिंह, अमन सिंह, पवन कुमार ने बताया कि दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर का अग्रवाल मंडी टटीरी में इंटरचेंज बनना है। इसके लिए जमीन का अधिग्रहण करने के लिए अधिसूचना जारी की गई थी। जिस जमीन के अधिग्रहण की अधिसूचना जारी की गई थी, उसके अनुसार निशानदेही नहीं की गई। एक तरफ ज्यादा जमीन की निशानदेही हुई है तो दूसरी तरफ कम है। एडीएम को ज्ञापन देकर निशानदेही दुरुस्त कराने की मांग उठाई है।
इसके अतिरिक्त अग्रवाल मंडी टटीरी के राजीव, हेमलता, रानी आदि ने बताया कि इकोनॉमिक कोरिडोर के लिए एक कॉलोनी का भी अधिग्रहण किया जा चुका है। उन्होंने बताया कि कॉलोनी में काटे गए भूखंडों का रिकार्ड राजस्व विभाग में नहीं है, जबकि प्लॉट मालिकों के पास रजिस्ट्री के सभी दस्तावेज हैं। इससे उनके प्लॉट प्रभावित हुए हैं। उनकी पैमाइश कराकर मुआवजा दिलाया जाए। मांग करने वालों में गौरव कुमार, कमला देवी, राजेंद्र सिंह, सुरेंद्र सिंह, अरुणा, हेमंत समेत अन्य मौजूद रहे।