बागपत। जहां चांद पर चंद्रयान-3 की सफल लैंडिंग पर हर कोई खुश है। वहीं बामनौली के डाॅ. राजबीर सिंह और बेटे अपूर्व को कुछ ज्यादा खुशी मिली है। क्योंकि उनकी चांद पर जमीन है जो उन्होंने 15 साल पहले खरीदी थी। अब उनको उम्मीद जगी है कि भविष्य में चांद पर लोग भी जा सकते हैं।
संयुक्त राष्ट्र की द लूनर रिपब्लिक सोसाइटी से बागपत के बामनौली गांव के रहने वाले डाॅ. राजबीर सिंह के बेटे अपूर्व तोमर ने ढाई लाख रुपये में पांच एकड़ जमीन खरीदी थी। वर्तमान में वह साउथ दिल्ली सैनिक विहार में रहते हैं। अपूर्व तोमर को सोसाइटी ने जमीन की रजिस्ट्री के साथ ही चांद की नागरिकता दी। अपूर्व ने बताया कि चंद्रयान-3 की लैंडिंग के बाद उनका चांद पर जाने का सपना भविष्य में पूरा होने की उम्मीद जगी है। उन्होंने बताया कि इंटरनेट के जरिये जमीन बेचने वाली सोसाइटी से संपर्क किया और अपने पिता से कहकर चांद पर जमीन खरीदवा ली।