सोमवार को शिकायतकर्ता गौरव जिला पंचायत पहुंचा और प्रशासनिक अधिकारी को दस हजार रुपये की रिश्वत दी। रिश्वत लेते ही एंटी करप्शन की टीम ने प्रशासनिक अधिकारी सुभाष तोमर को गिरफ्तार कर लिया।
एंटी करप्शन की टीम को देखते ही भाग गया एक कर्मी
गौरव ने एंटी करप्शन की टीम से कलक्ट्रेट में तैनात एक कर्मी पर भी रिश्वत मांगने का आरोप लगाया था। जिसमें सोमवार को वह एंटी करप्शन की टीम को लेकर कलक्ट्रेट भी पहुंचा। लेकिन कर्मी ने उन्हें देख लिया और वह भाग गया।
रुपये नहीं देने पर लगवाए जा रहे थे चक्कर
गौरव सोलंकी ने बताया कि नक्शा पास करने के नाम पर 50 हजार रुपये की मांग की गई। जिसमें रुपये नहीं देने पर उसे चक्कर लगवाए गए। परेशान होकर उसने तीस हजार रुपये दे दिए, लेकिन उसके बाद भी नक्शा स्वीकृत नही किया गया। अगस्त 2022 से वह लगातार जिला पंचायत के चक्कर लगा रहा है।
पहले भी कई को पकड़ चुकी एंटी करप्शन
जिले में पहले भी एंटी करप्शन की टीम कई बार छापा मार चुकी है। जिसमें कलक्ट्रेट से शस्त्र लिपिक को पकड़ा गया है। बड़ौत तहसील से एक कर्मचारी को पकड़ा गया था तो बागपत ब्लॉक में भी छापा मारा गया था। इस तरह से कई बार यहां कार्रवाई हो चुकी है।