बागपत। महिला अस्पताल के शुरू न होने पर हाईकोर्ट ने चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के प्रमुख सचिव से जवाब तलब किया है। कोर्ट ने कहा 100 बिस्तर का अस्पताल, करोड़ों की लागत से तैयार है, उस पर ताला लगाने के लिए बनाया है। हाईकोर्ट ने जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए 16 जनवरी 2018 को प्रमुख सचिव ओर सीएमओ से इसकी पूरी रिपोर्ट मांगी है। आरटीआई कार्यकर्ता एडवोकेट पवन तिवारी ने बताया करोड़ों की लागत से तैयार 100 बिस्तर वाला अस्पताल पर ताला लटका है। लोगों को इसका लाभ नहीं मिल रहा है। इस संबंध में हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर की। 18 दिसंबर को इसकी सुनवाई हुई। न्यायाधीश ने सुनवाई करते हुए चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के प्रमुख सचिव को फटकार लगाई है। 16 जनवरी को सभी रिपोर्ट के साथ प्रमुख सचिव और सीएमओ को तलब किया है। उधर, सीएमओ डॉ. सुषमा चंद्रा ने कहा अपने स्तर से महिला अस्पताल को शुरू कराया था। सरकार ने प्राइवेट कंपनी को ट्रांसफर कर दिया। अब हिंदुस्तान लीवर के इसकी जिम्मेदारी दी है। अभी तक कोई खैर खबर नहीं ली है। इसकी सभी रिपोर्ट हाईकोर्ट के लिए भिजवा दी है।