बड़ौत (बागपत)। रेलवे रोड स्थित आर्य समाज भवन में यज्ञ हुई। इस मौके पर ओमपाल शास्त्री ने आर्य समाज के नियमों पर प्रकाश डाला और कहा कि यज्ञ से वातावरण शुद्ध होता है। कहा कि महर्षि दयानंद सरस्वती का कथन सभी सार्थक होगा, जब ब्रह्मा सही यज्ञ मेें शामिल होने वाले आर्य ध्यानपूर्वक वर्ण का गुणना करें। ब्रह्मा आचार्य समर भानु रहे। यज्ञमान राजेंद्र सिंह रहे। इसमें डॉ. ओमवीर सिंह डॉ. हरपाल सिंह, प्रीतम सिंह, ओमपाल राठी, इकबाल सिंह, सत्यपाल राठी, इंद्रपाल सिंह, हरपाल सिंह, सुशील अर्य, अरुण आर्य, कृष्णपाल, तजेंद्र सिंह, अरुण, राजपाल, सुखपाल सिंह आदि रहे।