अग्रवाल मंडी टटीरी (बागपत)। अग्रवाल धर्मशाला में चल रही श्रीमद् भागवत आत्मकथा महायज्ञ में व्यास साध्वी दर्शनी बाई ने कहा कि अध्यात्म ज्ञान से ही मनुष्य का कल्याण संभव है। जब भगवान की कृपा होती है तब सच्चे संतों का सानिध्य प्राप्त होता है। वे आत्म ज्ञान का बोध कराते हैं। जब खुद का ज्ञान होगा तो आपस में एकता ओर सद्भावना आएगी और राष्ट्र मजबूत होगा। उन्होंने कहा कि श्रीकृष्ण के कहने पर भगवान इंद्र की पूजा छोड़कर जब गोवर्धन की पूजा करने लगे तब कुपित इंद्र ने जलमग्न कर दिया। तब कृष्ण ने गोवर्धन पर्वत को अपनी अंगुली पर धारण कर ब्रजवासियों सहित समस्त जीवों की रक्षा की। कथा में यज्ञमान संदीप कुमार गोयल उनकी पत्नी दीपा देवी रही। आरती और प्रसाद का वितरण किया गया। शारदा, राजकुमार, जयनारायण, बबलू गोयल, सुनील, मुकेश, अनिल गोयल, अजय गोयल, प्रमोद गोयल, श्रवण, चमन, देव कुमार, रामकिशन, अनिता गोयल, रुचि गोयल, कमला देवी, केशवती का सहयोग रहा। मंच संचालन धुरंधर चौहान ने किया।