बागपत। शासन से लगातार सड़कों को गड्ढामुक्त करने पर जोर दिया जा रहा है। लेकिन जिले की सड़कों को गड्ढामुक्त कराने का दो करोड़ 28 लाख रुपये का बजट शासन में अटका हुआ है। ऐसे में जिले की 117 सड़कों को कैसे गड्ढामुक्त किया जाएगा। वहीं कांवड़ यात्रा के मद्देनजर लोक निर्माण विभाग ने 11 सड़कों को गड्ढा मुक्त करा दिया है लेकिन इस पर खर्च हुए रुपयों का भुगतान बजट मिलने के बाद होगा।
लोक निर्माण विभाग के सर्वे में 128 सड़कों में 304 किलोमीटर में गड्ढे मिले थे जिसमें विभाग के अधिकारियों ने सड़कों को गड्ढामुक्त बनाने के लिए दो करोड़ 28 लाख रुपये का प्रस्ताव बनाकर शासन को भेजा था। शासन से प्रस्ताव को मंजूरी मिल गई, लेकिन बजट जारी नहीं किया गया। उधर दो सप्ताह पहले हुई बारिश के बाद सड़कों की हालत और ज्यादा खराब हो गई। जिसके बाद से जर्जर मार्गों से लोगों का आवागमन भी दूभर हो गया और गड्ढों के कारण हादसे भी बढ़ गए। शासन स्तर पर सड़कों को गड्ढा मुक्त कराने के लिए बजट अटकने से लोगों की परेशानी बढ़ रही है। ऐसे में लोक निर्माण विभाग अधिकारियों के समक्ष संकट है कि बिना बजट सड़कों को कैसे गड्ढा मुक्त कराया जाए।
इन सड़कों की हालत ज्यादा खराब
जिले के बागपत-चमरावल मार्ग, बाछाैड़ से शबगा, कंडेरा से गूंगाखेड़ी संपर्क मार्ग, बड़ौत-छपरौली मार्ग, सरूरपुर कलां से सूजरा मार्ग, अग्रवाल मंडी टटीरी से सूरजपुर महनवा मार्ग, खेकड़ा से फखरपुर मार्ग, खेकड़ा से पाठशाला रोड पर तांगा स्टैंड के पास, लहचौड़ा से रटौल मार्ग, बड़ौत से बिनौली मार्ग, बड़ौत से सराय मार्ग, पांची से चमरावल मार्ग की हालत ज्यादा खराब है, जबकि 117 सड़कों में गड्ढे है।
जिले की 128 किलोमीटर सड़कों को गड्ढा मुक्त करने के लिए प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। जिसका बजट जारी होते ही जिले में सड़कों को गड्ढा मुक्त करा दिया जाएगा। - अतुल कुमार, अधिशासी अभियंता, लोक निर्माण