दोघट (बागपत)। योगाचार्य अरविंद कुमार शास्त्री ने कहा कि परमात्मा की भक्ति स्मरण से मानव को आत्म शांति मिलती है। आजमपुर मुलसम गांव में चतुर्वेद पारायण यज्ञ के चौथे दिन धर्मसभा में उन्होंने कहा कि यदि वेदानुसार आचरण नहीं करने से दु:ख आता है। अगर हृदय में प्रेम और मन में पवित्र विचार होते हैं तो उस घर में स्वर्ग होता है। मनुष्य का कर्तव्य है कि प्रतिदिन सुबह उठकर दिन की शुरुआत ईश्वर का स्मरण कर करें। स्वामी सत्यवेश ने ओजस्वी कविता से श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध किया। इसमें स्वामी ब्रह्म मुनि, आचार्य सुनील शास्त्री, अंकुर शास्त्री, रोहित शास्त्री, ऋषि, सुभाष, संजीव कुमार, कृष्णपाल, हरेंद्र, सतेंद्र, ब्रह्मचारी आर्य आदि मौजूद रहे।