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उफ्फ ये दर्द: युवक ने ट्रेन से कटकर दी जान, पत्नी बोली- अगर बेटा पैदा होता तो नहीं उजड़ती मांग

Sat, 19 Nov 2022 06:09 PM IST
उत्पल कांत अमर उजाला नेटवर्क, आजमगढ़

सार

आजमगढ़ जिले के एक गांव बेटी पैदा होने के तीन दिन बाद युवक ने ट्रेन से कटकर जान दे दी। भाई को बचाने के चक्कर में उसकी मासूम बहन की भी मौत हो गई। युवक की पत्नी ने रो-रोकर जो कहा उसे जानकर कलेजा बैठ जाएगा। 
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चार दिन पहले जन्मी बच्ची को गोद में लेकर बैठी मनीषा - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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यूपी के आजमगढ़ जिले से दिल को झकझोर देने वाली घटना सामने आई है। बेटी पैदा होने के तीन दिन बाद युवक ने अवसाद में ट्रेन से कटकर जान दे दी। भाई को बचाने के लिए उसकी मासूम बहन दौड़ी तो वह भी ट्रेन की चपेट में आ गई। दोनों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। युवक की पत्नी बोली- काश! बेटी के स्थान पर बेटा जना होता तो शायद आज मेरी मांग नहीं उजड़ी होती। बेटी के जन्म से क्षुब्ध होकर ही पति ने ट्रेन के आगे कूद कर खुदकुशी कर ली।

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घर में पहले से दो छोटी बहनों के रहने के बाद बेटी के पैदा होने से वह डिप्रेशन में चले गए। एक साथ दो लोगों की मौत से परिजनों में कोहराम मचा है।  कप्तानगंज थाना क्षेत्र के हरैया गांव निवासी सोनू यादव (32) पुत्र दीपक ने शुक्रवार दोपहर निजामाबाद थाना क्षेत्र के परसहा डगरा के पास गोदान एक्सप्रेस ट्रेन के आगे कूद कर खुदकुशी कर ली।

छोटी बहन के साथ ससुराल में रह रहा था युवक

उसे बचाने के चक्कर में छोटी बहन गुड़िया (12) भी ट्रेन की चपेट में आ गई और मौत हो गई। सोनू का ससुराल निजामाबाद थाना क्षेत्र के जगदीशपुर गांव में है। उसकी पत्नी की डिलीवरी होनी थी तो वह भी वहीं अपनी छोटी बहन को लेकर रह रहा था। पत्नी मनीषा के अनुसार घर में दो बहनों के पहले से होने के चलते वह हमेशा परेशान रहते थे।

पहली बार बना था पिता लेकिन...

अपनी मासूम बहन के साथ सोनू - फोटो : अमर उजाला
जब वह गर्भवती हुई तो पति ने कहा भी था कि पहले से घर में दो बहनें हैं। ऐसे में मुझे बेटा ही चाहिए। चार दिन पहले सरायमीर के एक अस्पताल में ऑपरेशन से बेटी हुई। बेटी पैदा होने की जानकारी होते ही पति जैसे एकदम से डिप्रेशन में चले गए। तीन दिन बाद ही पति की खुदकुशी से पत्नी मनीषा का रो-रो कर बुरा हाल है। वो बार-बार यह कह रही है कि अगर बेटा पैदा हुआ होता तो शायद मेरी मांग का सिंदूर नहीं उजड़ता। अब किसके सहारे मैं बेटी को लेकर जिंदगी काटूंगी। 

मां की मौत व पिता के कहीं चले जाने के बाद से था विचलित

सोनू के रोते-बिलखते परिजन - फोटो : अमर उजाला
शादी के तीन साल के अंदर सबकुछ खो देने के बाद पत्नी मनीषा का हाल बेहाल है।  वह तो सिर्फ रो रही है और कुछ भी उसके समझ में नहीं आ रहा है। उसने कहा कि शादी के बाद मेरे जीवन में खुशियां आ गईं थीं। सबकुछ ठीक था लेकिन इसी बीच सास की मौत हो गई। इसके बाद ससुर भी न जाने कहां चले गए। इससे मेरी दो छोटी ननदों की जिम्मेदारी भी पति के सिर आ गई। जिसे लेकर वह विचलित से हो गए थे। अब मैने भी बेटी को जन्म दे दिया तो .... मेरा तो सबकुछ खत्म हो गया। 

उम्मीद नहीं थी कि ऐसा कुछ करने जा रहे जीजा

घटना के बाबत सोनू के साले गोविंद से जब बात की गई तो उसने कहा कि जीजा 14 नवंबर को कोलकाता से आए थे। 15 नवंबर को बहन मनीषा ने बेटी को जन्म दिया। सूचना देने पर कुछ बोले नहीं और बहन को लेकर अस्पताल भी आए लेकिन अपनी बेटी को गोद में भी नहीं लिया।
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18 को यह कह कर निकले कि बहन का पेपर है और गेहूं की बुआई करनी है। ऐसा कुछ आभास ही नहीं हुआ कि वे हमारे बहन की दुनिया उजाड़ने जा रहे हैं। अन्यथा हम उन्हें जाने ही नहीं देते। 
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