मुबारकपुर थाना क्षेत्र निवासी महिला ने जमीन पर गोकाशी करने वालो पर उसका अपहरण करने का आरोप लगाया है। महिला ने मामले में गोकशी करने वालों के खिलाफ थाने में शिकायत दर्ज कराई है। महिला के मुताबिक मुताबिक गोकशी के खिलाफ आवाज उठाने पर उसका अपहरण कर प्रयागराज ले गए और उसे मारपीट कर चलती गाड़ी से बीच सड़क पर फेंककर फरार हो गए। स्थानीय लोगों की मदद से सूचना परिजनो तक पहुंची तो परिजन दो दिन बाद उसे वापस ले लाए और इलाज कराया। पीड़ितों ने आरोप लगाया है कि पुलिस को सूचना दी गई लेकिन बजाय गोकशी करने वालों पर कार्रवाई के बजाए , उसे ही परेशान कर रही है। पीड़िता ने डीएम, एसपी से लेकर मुख्यमंत्री को पत्रक भेज न्याय की गुहार लगाई है लेकिन घटना के छह दिन बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई है। मुबारकपुर कस्बे के पुरा खिजिर मुहल्ला निवासीनी अजमेरी खातून के अनुसार उसकी एक जमीन कटरा मुहल्ले में स्लाटर हाऊस के बगल में है। तीन बिसवा जमीन को दो-तीन साल पूर्व उसके पट्टीदार झिनक के पुत्र अंसार ने किराये पर लिया और गोकशी का काम करने लगा। इसकी जानकारी होने पर अजमेरी ने विरोध करते हुए जमीन खाली करने को कहा। शिकायत करने पर पुलिस साक्ष्य मांगने लगी। इस पर अजमेरी ने किसी तरह मौके का वीडियो व फोटो बनवा लिया। इसकी जानकारी होने पर 21 मई को अंसार अपने कुछ लोगों के साथ उसका अपहरण कर एक हाते में ले जाकर बंद कर दिया। अजमेरी ने वहीं से विभिन्न ग्रुप में गोकशी की वीडियो व फोटो वायरल करने लगी। इसके बाद अपहरण करने वाले उसे पुन: गाड़ी में लाद प्रयागराज जिले के हंडिया थाना अंतर्गत रसार बतोत गांव के पास दिन में करीब एक बजे चलती गाड़ी से फेक कर फरार हो गए। स्थानीय लोगों व मीडिया कर्मियों ने सड़क से उठाकर उसे अस्पताल में भर्ती कराया। जानकारी होने पर परिजन जब पहुंचे और हालत सुधरने पर उसे घर ले आए। थाने पर घटना की सूचना दी लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। पीड़िता के मुताबिक घटना को छह दिन हो चुके है लेकिन आरोपियों पर कोई कार्रवाई नहीं की गई है बल्कि उसके पति को ही पुलिस ने पकड़ कर थाने पर बैठा लिया। परेशान हाल पीड़िता ने डीएम, एसपी के साथ ही मुख्यमंत्री तक शिकायती पत्रक भेज कर अपनी जमीन गोकशो से खाली कराने और गोकशी करने वाले पट्टीदारों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। चौकी प्रभारी मुबारकपुर कमलनयन दूबे पर आरोप लगाया जा रहा है। इस बाबात जब चौकी प्रभारी से बात हुई तो उन्होंने कहा कि मामला जमीनी विवाद का है। महिला ने अपने अपहरण का स्वांग रचा था और खुद पांच हजार में गाड़ी बुक कर प्रयागराज चली गई थी। अपहरण का जिस पर आरोप लगा था मैं उसके घर गया तो वह घर पर ही मिला। जिस पर मैने उसे और महिला के पति को थाने पर बैठा लिया। उच्चाधिकारियों से महिला ने शिकायत किया तो जांच आई। मैने महिला व उसके पति से बयान लिया तो दोनों ने अपनी गलती मान लिया और अब गोकशी की बात कह एक नए स्वांग की कवायद में जुटी हुई है। उन्होंने बताया कि महिला कौशल विकास केंद्र चलाती है, जिसके चलते काफी तेज तर्रार है और अपहरण व गोकशी की अफवाह फैला कर 2005 में अपने पट्टीदार को बेच दी गई जमीन पर कब्जा करना चाहती है। साक्ष्य के रुप में जो वीडियो व फोटो दिखाए जा रहे है वह नेट से लिए गए है।