आजमगढ़। वाह भाई साहब...। दूसरों को नसीहत, खुद मियां फजीहत...। यह कहावत इस समय पुलिस महकमे पर सटीक बैठ रही है। बिना हेलमेट दो पहिया वाहन चालकों का चालान काटने वाले पुलिसकर्मी स्टाफ का रौब दिखा खुद ही शहर की सड़कों पर बिना हेलमेट दोपहिया वाहन दौड़ा रहे हैं, मगर वे भूल जाते हैं कि दुर्घटना किसी के साथ भी हो सकती है। नियमों को धता बताने वाले ऐसे पुलिस कर्मियों के विरुद्ध कोई कार्रवाई नहीं हो रही। जिम्मेदार मूकदर्शक बने हुए हैं।
अमर उजाला की टीम ने मंगलवार को शहर के तिराहे व चौराहे की पड़ताल की तो यह स्थिति सामने आई। आलम यह था कि बिना हेलमेट चलने वाले कई पुलिस वाले मिले। शहर के विभिन्न चौक चौराहों से होकर गुजरे इन पुलिसकर्मियों को कहीं यातायात पुलिस व सिविल पुलिस ने रोका नहीं, क्योंकि ये तो स्टाफ वाले हैं। इनका चालान कैसे किया जा सकता है।
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केस-1
साहब वर्दी में हैं, इन्हें कौन रोकेगा
आजमगढ़। नया मोटर व्हीकल एक्ट आने के बाद आम जनता पर तो खूब कार्रवाई हो रही है। लेकिन इसका पालन कराने वाले खुद इसकी धज्जियां उड़ा रहे हैं। यह तस्वीर कलेक्ट्रेट भवन के पास की है। यहां से गुजरते इन साहब ने हेलमेट नहीं पहना है। ऊपर से एक छोटे बच्चे को भी बैठकर चल रहे हैं। मगर साहब वर्दी में हैं, इन्हें कौन रोकेगा।
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केस-2
जनता से कैसे करें उम्मीद
आजमगढ़। यह तस्वीर सिविल लाइन की है। पुलिस सरकार की एक महत्वपूर्ण कड़ी है, जो कानून व्यवस्था को बनाए रखने में अहम भूमिका निभाती है, लेकिन जब जिम्मेदार पदाधिकारी ही कानून तोड़ें तो फिर आम जनता से उम्मीद कैसे की जाए। इन्हें देखिए, इनके पास हेलमेट नहीं है। इनको चालान का जरा भी डर नहीं है। जैसे कानून इनके लिए बना ही नहीं है।
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केस-3
ट्रैफिक नियमों का कर रहे उल्लंघन
आजमगढ़। सड़क पर बिना हेलमेट चलने वालों का पुलिस चालान काट देती है लेकिन पुलिस ही जब बिना हेलमेट के निकले तो क्या करें। बवाली मोड़ के पास इस तस्वीर में भी वर्दी पहने ये साहब सरेआम ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करते नजर आ रहे हैं। जरा सोचिए! बेलेंस बिगड़ गया तो क्या होगा...। आप खुद यातायात नियमों का पालन करेंगे तो आम जनता भी जिम्मेदारी से यातायात के नियमों का पालन करेगी।
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पुलिसकर्मी हो या आम नागरिक कानून सभी के लिए बराबर है। यदि पुलिसकर्मी भी बिना हेलमेट के चलते पाए जाएंगे तो उनका भी चालान किया जाएगा। ऊपर से भी इसे लेकर आदेश-निर्देश आते रहते हैं। इसे लेकर एक बार फिर अभियान शुरू किया जाएगा।
संजय कुमार, एसपी यातायात आजमगढ़।