देवगांव कोतवाली के चिरकिहिट गांव में 24 मई की रात धर्मांतरण के मामले में पुलिस ने 18 लोगों को गिरफ्तार किया था। पुलिस की सक्रियता से यह खेल तो सफल नहीं हो सका। पुलिस की सप्ताहभर चली जांच में गिरफ्तार सिंकदर ही इस कवायद का मुख्य सरगना है। बुधवार को एसपी अनुराग आर्य ने बताया कि लगभग सप्ताह भर की जांच में इस बात की पुष्टि हो गई है कि बरदह थाना क्षेत्र के मैनपुर गांव का निवासी सिकंदर इस पूरी कवायद का मुख्य सरगना है। बताया कि गांव का अवधेश पासी बाराबंकी के देवा शरीफ व चार-पांच अन्य दरगाहों पर जाया करता था। जहां उसकी मुलाकात बरदह के मैनपुर गांव निवासी सिकंदर से हुई। सिकंदर देवा शरीफ में ही झाड़फूंक का काम करता था। वह लोगों को बीमारियां दूर करने व अन्य प्रलोभन देकर धर्मांतरण की कोशिश करता था। सिकंदर के योजना पर ही अवधेश पासी के घर पर कव्वाली का आयोजन किया गया। एसपी ने दावा किया कि इनकी मंशा ये थी अगर एक बार ये लोग धर्मांतरण को तैयार नहीं नहीं होते है, तो तीन से चार बार ऐसा कार्यक्रम कराया जायेगा। बताया कि अभी मामले की छानबीन चल रही है। यह पता लगाने का प्रयास हो रहा है कि इसके पूर्व इनके द्वारा कहा-कहां ऐसे कार्यक्रम किए गए। कितने और लोग इसमें शामिल हैं।