कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों में आयोजित निपुण भारत असेसमेंट टेस्ट में जनपद के तीन कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों के परीक्षा परिणाम अत्यधिक खराब पाए गए। जिसे लेकर राज्य परियोजना निदेशक ने बीएसए को निर्देश दिए हैं कि शिक्षिकाओं को एक अवसर प्रदान करते हुए उनका पक्ष प्राप्त कर अनुशासनात्मक कार्रवाई करें। छात्राओं को बेहतर तरीके से शिक्षा प्रदान किया जाए।
निपुण भारत अभियान का मकसद है कि बच्चों को भाषा और गणित का न्यूनतम ज्ञान होना चाहिए। इसमें हर कक्षा के हिसाब से मानक तय किए गए हैं कि तय समय में कितने शब्द पढ़ने हैं और अंकों का कितना न्यूनतम ज्ञान होना चाहिए। इसके लिए ट्रेनर तैयार किए गए हैं। उसके बाद सभी शिक्षकों को प्रशिक्षित किया गया। इन शिक्षकों से बच्चों ने कितना सीखा, इसके लिए निपुण टेस्ट कराया गया। सरल ऐप के माध्यम से ऑनलाइन टेस्ट हुआ। अब इनका रिजल्ट जारी कर दिया गया है।
रिजल्ट से साफ है कि ज्यादातर बच्चे न्यूनतम मानकों को पूरा नहीं कर पा रहे। निपुण असेसमेंट टेस्ट में पल्हनी, फूलपुर व मार्टीनगंज के केजीबीवी का रिजल्ट बेहद खराब रहा। जिसे लेकर राज्य परियोजना निदेशक ने पल्हनी के विज्ञान, फूलपुर गणित व मार्टीनगंज में वार्डन को नोटिस जारी कर उसका पक्ष प्राप्त करते हुए अनुशासनात्मक कार्रवाई करने के लिए निर्देश दिए हैं।
बीएसए समीर कुमार ने बताया कि केजीबीवी में निपणु भारत का टेस्ट हुआ था। जिसमें कुछ ब्लाॅकों के केजीबीवी के रिजल्ट काफी खराब हैं। उन्हें नोटिस जारी कर जवाब मांगा जाएगा। संतोषजनक जवाब न मिलने पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।