स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के तहत सरकार स्वच्छ सर्वेक्षण ग्रामीण-2023 कराने जा रही है। सर्वेक्षण शुरू हो गया है। इसकी तैयारियों के लिए राज्य स्तरीय कार्यशाला भी हो चुकी है। इसमें कार्यरत परामर्शदाताओं को निर्देश दिया गया कि वे ग्रामीणों को जागरूक करें। स्वच्छता सर्वेक्षण ग्रामीण 2023 को लेकर ग्राम पंचायतों में तैयारियां शुरू करते हुए ठोस अपशिष्ट प्रबंधन के तहत गांव में सामुदायिक खाद, व्यक्तिगत खाद गड्ढे, वर्मी व विंडो कंपोस्टिंग, कूड़ा पात्र, अपशिष्ट एकत्रीकरण के लिए वाहन, मैटेरियल रिकवरी सेंटर आदि बनाए जाएंगे। इस प्रकार तरल अपशिष्ट प्रबंधन के कार्य कराए जाएंगे। साथ ही प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन के कार्य भी इसमें शामिल किए जाएंगे।
स्वच्छता सर्वेक्षण ग्रामीण-2023 की रैंकिंग जारी होगी। इसके बाद खंड विकास अधिकारियों, पंचायत सचिवों व ग्राम प्रधानों आदि को पत्र जारी कर तैयारियां आरंभ करा दी गई हैं। स्वच्छता सर्वेक्षण की रैंकिंग में अच्छा प्रदर्शन करने वाली ग्राम पंचायतें सम्मानित भी होंगी। डीपीआरओ श्रीकांत दर्वे ने बताया कि ग्राम प्रधान बजट के अनुरूप गांव में नाली व अपशिष्ट प्रबंधन को लेकर कूड़ा निस्तारण सेंटर बनाया जाना है। ई-रिक्शों से घर-घर कूड़े लिया जाएगा। योजना से चयनित गांवों की सूरत बदल सकती है।