फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Azamgarh News: अब एक क्लिक पर खुलेगी हिस्ट्रीशीटरों की कुंडली

विज्ञापन
विज्ञापन
पुलिस की निगाह में आने और एक बार पकड़े जाने के बाद हिस्ट्रीशीटर ठिकाना बदलकर वारदात करने लगते हैं, लेकिन अब हिस्ट्रीशीटरों का ये दांवपेच नहीं चलेगा। यूपी पुलिस क्रिमिनल्स की हिस्ट्रीशीट में बड़ा बदलाव करने जा रही है। उनके घर की लोकेशन आदि को सीसीटीएनएस पर दर्ज किया जा रहा है। पुलिस अधिकारियों का मानना है कि पुलिस के साथ साठगांठ होने से दूसरे जिलों से छापेमारी करने आई पुलिस की इंफॉर्मेशन लीक हो जाती है और शातिर पुलिस की दबिश से पहले मौके से निकल जाता है। हाईटेक पुलिस के इस नए कदम के बाद हिस्ट्रीशीटरों को यह मौका नहीं मिलेगा। क्रिमिनल हिस्ट्री के साथ हिस्ट्रीशीटर के घर की अक्षांश व देशांतर का डाटा यूपी 112 के सिस्टम में फीड होगा। पुलिस सीधे रात के अंधेरे में बिना रास्ता भटके हिस्ट्रीशीटर अपराधी के दरवाजे तक जा धमकेगी। चेकिंग के दौरान उसे स्थानीय पुलिस की भी जरूरत भी नहीं पड़ेगी। डीजीपी ने सभी जिलों में हिस्ट्रीशीटर अपराधियों के घर के अक्षांश व देशांतर को उसकी हिस्ट्रीशीट में दर्ज किए जाने का निर्देश दिया है। कहा है कि यदि जांच में किसी भी हिस्ट्रीशीटर की ये सूचना गलत पाई गई तो थानाध्यक्ष के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी। तीन दिनों के अंदर इसके इलेक्ट्रानिक डाटा को फीड कराए जाने का निर्देश दिया है। जनपद में अगर देखें तो वर्तमान में कुल हिस्ट्रीशीटरों की संख्या 1790 है। जनपद में कुल थानों की संख्या 25 है। जिसमें कुल हिस्ट्रीशीटरों की संख्या 1790 है। जिसमें नगर कोतवाली में 92, सिधारी में 75, रानी की सराय में 71, कंधरापुर में 45, मुबारकपुर में 101, जहानागंज में 76, निजामाबाद में 73, गंभीरपुर में 76, देवगांव में 86, बरदह में 81, मेंहनगर 63, मेहनाजपुर में 34, तरवां में 55, जीयनपुर 121, महराजगंज में 85, बिलरियागंज में 91, रौनापार में 40, अतरौलिया में 31, अहरौला में 64, कप्तानगंज 51, तहबरपुर में 29, फूलपुर में 110, पवई में 64, सरायमीर में 98 और दीदारगंज में 78 हिस्ट्रीशीटर हैं। पुलिस द्वारा जनपद में अब तक खोली गई अपराधियों की हिस्ट्रीशीट देखें तो जिले में ए श्रेणी के हिस्ट्रीशीटरों की कुल संख्या 1685 है। जबकि श्रेणी बी के हिस्ट्रीशीटरों की संख्या 170 है। वैसे तो जनपद में कुल हिस्ट्रीशीटरों की संख्या 1855 है लेकिन इनमें से 65 हिस्ट्रीशीटर निगरानी बंद किए गए हैं। एसपी अनुराग आर्य ने बताया कि मुख्यालय की ओर से हिस्ट्रीशीटरों का डाटा उनके घर की लोकेशन के साथ सीसीटीएनएस पर अपलोड करने का निर्देश दिया गया था। जनपद से सभी हिस्ट्रीशीटरों का डाटा अपलोड कर भेजा चुका है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें