सरायमीर। शैक्षणिक संस्थानों में जातीय भेदभाव के खिलाफ सशक्त यूजीसी रेगुलेशन लागू करने की मांग को लेकर विभिन्न सामाजिक व राजनीतिक संगठनों से जुड़े पूर्व छात्र नेताओं ने सरायमीर स्थित एक रेस्टोरेंट में पत्रकार वार्ता की। इस दौरान उन्होंने संसद सत्र में आजमगढ़ सांसद धर्मेंद्र यादव से इस मुद्दे को लोकसभा में उठाने की मांग की। पत्रकार वार्ता को जामिया मिलिया इस्लामिया दिल्ली के कलीम जमाई, इलाहाबाद विश्वविद्यालय के राजीव यादव, बीएचयू के वीरेंद्र यादव, यूपी कॉलेज के डॉ. राजेंद्र यादव तथा सत्यम प्रजापति सहित अन्य पूर्व छात्र नेताओं ने संबोधित किया। वक्ताओं ने कहा कि यूजीसी रेगुलेशन लागू करने की मांग को लेकर आजमगढ़ समेत प्रदेश और देश भर में छात्र-युवा आंदोलन कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि जब विश्वविद्यालयों में जातीय भेदभाव की समस्या को यूजीसी ने भी स्वीकार किया है, तो सांसद धर्मेंद्र यादव से उम्मीद है कि वे आगामी संसद सत्र में इस मुद्दे को मजबूती से उठाएंगे। उन्होंने समाजवादी पार्टी और उसके राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव से भी यूजीसी रेगुलेशन के समर्थन में अपने सांसदों के साथ संसद में आवाज उठाने की मांग की। पूर्व छात्र नेताओं ने कहा कि एससी, एसटी और ओबीसी वर्ग के सांसदों को यह समझना चाहिए कि वे समाज के प्रतिनिधि हैं। यदि वे इस महत्वपूर्ण मुद्दे पर सदन में आवाज नहीं उठाते हैं तो समाज उन्हें माफ नहीं करेगा। पूर्व छात्र नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि आगामी संसद सत्र में यूजीसी रेगुलेशन को लागू करने का मुद्दा नहीं उठाया गया तो सांसदों का घेराव किया जाएगा और इस मांग को लेकर आंदोलन को और तेज किया जाएगा। संवाद