शहर के पुरानी सब्जी मंडी चौराहे के समीप मारवाड़ी धर्मशाला में बुधवार को होली पर महामूर्ख सम्मेलन का आयोजन किया गया। इस दौरान कवियों ने अपनी रचनाओं से लोगों को देर रात तक ठहाके लगाने के लिए विवश किया। कार्यक्रम में आए अतिथियों का सब्जी की माला पहनाकर स्वागत किया गया। इस दौरान आए हुए कवियों में चकाचौंध बनारसी, पूनम श्रीवास्तव, विजयेंद्र श्रीवास्तव, सागर पांडेय, मोहन राय अटपट, ताज आजमी, फारुख नामी चिरैयाकोटी, रोहित राही समेत अन्य कवियों ने लोगों को रचनाओं से हंसाया। वैभव वर्मा ने महंगाई पर भी सब कुछ सह लेने के बाद भी वोट मोदी को करेंगे सुनाकर सबको खूब हंसाया। नामी चिरैया कोटी ने ‘आज फिर होली आई है’, पूनम श्रीवास्तव के ‘लागल तोहरे पर मनवा हो लाला’ ने भी वाहवाही लूटी। कवि अटपट, ताज आजमी और विजयेंद्र ने भी अपनी कविताओं पर तालियां बटोरीं। वहीं चकाचौंध बनारसी ने चुटीले फुहारे छोड़े। संचालन वैभव वर्मा ने किया। कार्यक्रम के आयोजक श्याम सुंदर डालमिया रहे। इस मौके पर भोला जालान, बलराम तुलस्यान, विष्णु रुंगटा, डा. भक्त वत्सल, अभिषेक जायसवाल दीनू आदि मौजूद रहे।