आजमगढ़। आजमगढ़ में आने वाले नवरात्रि में दुर्गा पूजा को लेकर तैयारियां शुरू हो गई हैं। पूजा समितियों की ओर से मूर्ति स्थापना को लेकर पंडाल बनाने का कार्य शुरू कर दिया गया है। इसी क्रम में खत्री टोला मुहल्ले में प्रतिमा स्थापना के लिए लगाए जा रहे पंडाल को अपने घर के पास लगाने पर शुक्रवार को एक अधिवक्ता ने विरोध कर दिया। मामला कोतवाली पहुंच गया है पुलिस मामले का हल निकालने में जुटी है।
शहर के खत्रीटोला मुहल्ले में लाल कुआं के समीप श्रीदुर्गा पूजा सेवा समिति के सौजन्य से पिछले करीब 20 वर्षों से सड़क किनारे भव्य पंडाल लगाया जाता है। इस बार एक परिवार के विरोध के चलते शुक्रवार को हंगामे की स्थिति बन गई। बताया जा रहा है कि जहां पंडाल स्थापित होना है उसके ठीक पीछे रहने वाले परिवार के अधिवक्ता ने पंडाल हटाने की मांग का प्रार्थना पत्र देते हुए वहां पर कुछ वकीलों को बुला लिया।
इसके बाद मूर्ति कमेटी के सदस्यों और अधिवक्ता के बीच बहसबाजी शुरू हो गई। मौके पर लेखपाल समेत स्थानीय बदरका पुलिस चौकी प्रभारी भी पहुंच गए। मामला बढ़ता देख पुलिस दोनों पक्षों को कोतवाली ले गई। जांच में पुलिस ने भी रजिस्टर में उक्त स्थान पर पंडाल स्थापना का विवरण पाया।
हालांकि मूर्ति कमेटी के लोगों को दो दिन काम रोकने के लिए कहा गया, लेकिन एसएचओ कोतवाली शशिचंद चौधरी ने भरोसा दिया कि हर बार की तरह प्रतिमा स्थापना में कोई अड़चन नहीं आएगी। वहीं पूजा समिति के लोगों का कहना है कि अगर प्रशासन मूर्ति स्थापना से रोकता है तो वह शांतिपूर्ण तरीके से इसका विरोध करेंगे। सीओ सिटी महेंद्र कुमार शुक्ला ने कहा कि परंपरा का निर्वहन किया जाएगा।