अतरौलिया। भगवानपुर गांव निवासी एक रिटायर्ड दारोगा के घर से उचक्कों ने साफ करने के नाम पर लाखों के आभूषणों पर हाथ साफ कर दिया। उचक्कों की कवायद से पूरा परिवार हतप्रभ है। सूचना पर पहुंची पुलिस जांच पड़ताल में जुटी हुई है।
भगवानपुर गांव निवासी जगन्नाथ यादव पुलिस विभाग से सेवानिवृत दारोगा हैं। शनिवार को दिन में लगभग 12 बजे एक बाइक सवार दो युवक उनके घर पर पहुंचे। उस समय परिवार की महिलाएं ही घर पर मौजूद थीं। युवकों ने बताया कि वे बर्तन व जेवरात आदि साफ करने का काम करते हैं। पहले उन्होंने पीतल व तांबे के बर्तन मंगा कर उसे साफ किया। इसके बाद चांदी के पायल आदि की सफाई किया। विश्वास जमने पर दोनों युवकों ने कहा कि अन्य जो भी सोने-चांदी के जेवरात हैं, उसे लेकर आए ताकि उन्हें भी साफ कर दूं। इसके बाद महिलाओं ने अपने पहने हुए जेवरात के साथ कुछ अन्य जेवरात भी साफ करने को दे दिया। दोनों ने जेवरातों को एक गहरे बर्तन में डाल दिया। इसके बाद ऊपर से ढक्कन बंद कर घर में कुछ देर रख देने को बोला। परिजन उस गहने बर्तन को घर के अंदर ले जाकर रखने गए तो ढक्कन खोला। बर्तन में कुछ भी नहीं था। इस बीच दोनों बाइक सवार युवक मौके से भाग निकले। परिजनों ने कुछ दूर तक दोनों युवकों का पीछा भी किया लेकिन दोनों भाग निकलने में सफल रहे। इसके बाद सूचना पुलिस को दी गई। सूचना पर पहुंची पुलिस जांच पड़ताल में जुट गई है। रिटायर्ड दारोगा ने बताया कि दोनों युवकों ने खुद को पतंजलि का एजेंट बताया था। वे लगभग आठ लाख के जेवरात लेकर फरार हुए है।
अतरौलिया के एसओ वीरेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि घटना की जानकारी हुई है। पुलिस ने मौके पर पहुंच कर जांच पड़ताल भी की गई है। अभी कोई तहरीर नहीं मिली है। तहरीर मिलने पर मुकदमा पंजीकृत कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।