आजमगढ़। जनसूचना के तहत मांगी गई जानकारी देने में देरी करने पर 9 दिसंबर को जिला महिला अस्पताल की सीएमएस पर राज्य सूचना आयुक्त ने 25 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। सठियांव विकास खंड के राउत मऊ गांव निवासी जितेंद्र नाथ सिंह की पुत्रवधू का प्रसव जिला महिला अस्पताल में हुआ। लेकिन उन्हें जननी सुरक्षा योजना के तहत मिलने वाली धनराशि नहीं मिली। इस संबंध में उन्होंने जन सूचना मांगी। लेकिन जिला महिला अस्पताल प्रशासन द्वारा उन्होंने सूचना नहीं उपलब्ध कराई गई। तब उन्होंने प्रथम अपीलीय अधिकारी सीएमओ के यहां अपील की। जब वहां भी कोई सुनवाई नहीं हुई तो उन्होंने राज्य सूचना आयुक्त से गुहार लगाई। 26 अप्रैल 2019 को हुई सुनवाई में वादी पक्ष से जितेंद्र नाथ सिंह और अस्पताल प्रशासन की ओर से यूबी चौहान उपस्थित हुए। जांच में पाया गया कि जो सूचना जितेंद्र नाथ सिंह को उपलब्ध कराई गई हैं वह अपूर्ण हैं। इस पर आयोग ने उन्हें समस्त सूचनाएं उपलब्ध कराते हुए अवगत कराने का निर्देश दिया। 18 सितंबर 2019 को स्थिति स्पष्ट न कर पाने के कारण जन सूचना अधिकारी जिला महिला अस्पताल पर 25 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया गया। अगली तिथि पर सूचना उपलब्ध कराने में हुए विलंब का कारण स्पष्ट करने को कहा गया। लेकिन अस्पताल के जन सूचना अधिकारी द्वारा स्पष्टीकरण प्रस्तुत नहीं किया गया। 20 फरवरी 2020 को अस्पताल प्रशासन ने सूचना उपलब्ध करा देने की बात कही। लेकिन देरी का कारण स्पष्ट नहीं किया। इस पर 9 दिसंबर को राज्य सूचना आयुक्त ने आयोग को निर्देशित किया कि तीन किश्तों में जन सूचना अधिकारी जिला महिला अस्पताल के वेतन से वसूली करें।