शहर को छुट्टा पशुओं से निजात दिलाने के लिए जिला प्रशासन ने एक और नई पहल की है। जिसके तहत नगर पालिका आजमगढ़ क्षेत्र में छुट्टा घूम रहे पशुओं का सर्वे होगा। इसके बाद पशुओं को चिह्नित कर पकड़ा जाएगा।
सरकार ने छुट्टा पशुओं को पकड़कर गो आश्रय केंद्रों में रखने के निर्देश दिए हैं। इसके तहत जिले में 87 पशु आश्रय केंद्र संचालित हो रहे हैं, जहां वर्तमान में 8500 पशु रखे गए हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कुछ दिन पूर्व सख्त निर्देश दिए थे कि एक भी पशु सड़कों पर नहीं दिखने चाहिए। इसे लेकर डीएम ने भी बैठक में निर्देश दिए थे। लोगों को उम्मीद थी कि छुट्टा पशुओं को पकड़ कर पशु आश्रय व कान्हा गोशाला में रखा जाएगा, लेकिन वर्तमान स्थिति यह है कि बड़ी संख्या में छुट्टा पशु घूम रहे हैं।
सड़कों पर छुट्टा पशु झुंड में बैठ रहे और घूमते हैं, जिससे आए दिन जाम की स्थिति पैदा हो रही है और यातायात व्यवस्था प्रभावित हो रही है। यही नहीं इनके आपस में भिड़ने के दौरान भगदड़ मच रही है। अमर उजाला ने इस समस्या को प्रमुखता से प्रकाशित किया था। अब पशुपालन विभाग ने टीम गठित की है। इसके तहत सोमवार से शहर में सर्वे कर पशुओं को चिन्हित किया जाएगा कि कितने छुट्टा पशु हैं। इसके बाद उन्हें पकड़ा जाएगा और गोशालाओं में भेजा जाएगा।