आजमगढ़। यूपी बोर्ड परीक्षा में नकल कराना दो केंद्र व्यवस्थापकों समेत पांच को भारी पड़ गया। जिला विद्यालय निरीक्षक मनोज कुमार मिश्रा की तहरीर पर पवई थाने में केंद्र व्यवस्थापक समेत चार पर मुकदमा दर्ज किया गया। वहीं रौनापार थाने में भी एक केंद्र व्यवस्थापक के खिलाफ एफआइआर दर्ज की गई। जांच में सामने आया कि केंद्र व्यवस्थापकों की मिली-भगत से संबंधित केंद्रों पर नकल हो रहा था।
जिले में 22 फरवरी से यूपी बोर्ड की परीक्षाएं चल रही हैं। डीआईओएस मनोज कुमार मिश्रा ने बताया कि 27 फरवरी को प्रथम पाली में हाईस्कूल की गणित विषय की परीक्षा हुई। परीक्षा के दौरान जीजीआईसी आजमगढ़ में बने कंट्राेल रूम से निगरानी की जा रही थी। इस दौरान पीसी संख्या-12 में चौधरी घुरपतरी उमा. विद्यालय छज्जोपट्टी सुम्माडीह परीक्षा केंद्र पर संचालित कैमरा नं-3 में संबंधित कक्षा में 11.05 बजे पाया गया कि एक व्यक्ति हाथ में चिट लेकर कक्ष में घूम-घूम कर बोल रहा था और परीक्षा कक्ष में उपस्थित परीक्षार्थी इसी लय में अपनी कॉपियां लिख रहे थे। कंट्रोल रूम से संबंधित पीसी पर तैनात राजू यादव ने केंद्र व्यवस्थापक व प्रधानाध्यापक को फोन किया तो उक्त व्यक्ति कमरे से बाहर निकल गया। इसे लेकर केंद्र व्यवस्थापक से सीसीटीवी कैमरे की दिन में 11 बजे से 11.30 बजे तक का वायस रिकार्डिंग युक्त वीडियो फुटेज उपलब्ध कराने के लिए निर्देश दिए। प्राप्त सीसी कैमरे को चेक किया गया तो उक्त कक्ष में परीक्षा देने वाली 29 छात्राएं परीक्षा केंद्र वाले विद्यालय की हैं। संबंधित कक्ष में सहायक अध्यापक विनीत कुमार, गुलशन कुमार व अरविंद कुमार के सहायक लिपिक परीक्षा की शुचिता प्रभावित करने के लिए उत्तरदायी हैं। इस मामले में केंद्र व्यवस्थापक अजय कुमार भी संलिप्त है। एसपी ग्रामीण चिराग जैन ने बताया कि डीआइओएस की तहरीर पर दो शिक्षकों व लिपिक के साथ ही केंद्र व्यवस्थापक के खिलाफ मुकदमा पंजीकृत किया गया है। वहीं 29 फरवरी को दूसरी पाली में इंटरमीडिएट की परीक्षा में केएन सिंह इंटर कॉलेज मसुरियापुर नैनीजोर में दूसरे के स्थान पर परीक्षा देते हुए एक मुन्ना भाई पकड़ा गया था। उक्त मामले में केंद्र व्यवस्थापक की भी संलिप्तता सामने आई। जिसे लेकर डीआइओएस मनोज कुमार मिश्रा ने रौनापार थाने में केंद्र व्यवस्थापक राहुल दुबे के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराया।