मेंहनगर। किसानों को रबी सीजन में बीज और डीएपी खाद की भारी कमी का सामना करना पड़ रहा है। गेहूं, जौ, चना, मटर और सरसों जैसी फसलों की बोआई पीक सीजन में हैं, लेकिन गोदामों और साधन सहकारी समितियों पर खाद-बीज उपलब्ध नहीं है। इस स्थिति में किसानों को निजी दुकानों से महंगे दामों पर बीज और खाद खरीदने पर मजबूर होना पड़ रहा है, जहां घटतौली और काला बाजारी की समस्या है। मेंहनगर की 18 साधन सहकारी समितियों में से किसी भी समिति पर डीएपी खाद उपलब्ध नहीं है। अधिकतर समितियों के प्रभारी ताला लगाकर गायब हैं। सहकारिता विभाग के एडीओ ओमप्रकाश पांडेय ने बताया कि अक्तूबर में हर समिति को डीएपी खाद उपलब्ध कराई गई थी। हाल ही में जिला स्तरीय बैठक में डीएपी खाद की नई रैक जल्द जिले में पहुंचने की बात कही गई है, समितियों ने भी खाद की मांग रखी है। डीएपी खाद उपलब्ध होते ही इसे समितियों को भेजा जाएगा।