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वनमंत्री के बेटे-भतीजे के समर्थकों में फायरिंग

Sun, 23 Oct 2016 12:03 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो/आजमगढ
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दुर्गाप्रसाद यादव
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शहर कोतवाली क्षेत्र के उकरौड़ा गांव में शुक्रवार की देर रात गाड़ी हटाने के विवाद में वनमंत्री दुर्गा प्रसाद यादव के बेटे विजय यादव और भतीजे प्रमोद यादव की मौजूदगी में दोनों के समर्थकों के बीच मारपीट हुई, ईंट-पत्थर चले और अंधाधुंध फायरिंग हुई। लाठी-डंडे, ईंट-पत्थर से एक पक्ष की दो महिलाओं सहित पांच लोग घायल हो गए। एक की हालत गंभीर बनी है।
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मामले में रंजीत सिंह की तहरीर पर पूर्व ब्लॉक प्रमुख प्रमोद यादव समेत 14 लोगों पर केस दर्ज कर पुलिस ने हत्या के प्रयास, मारपीट, बलवा, साजिश की धाराओं में सात लोगों को गिरफ्तार कर लिया। फरार आरोपियों की तलाश की जा रही है। तनाव को देखते हुए फोर्स तैनात कर दी गई है। जिला अस्पताल में भी फोर्स तैनात रही। उधर, देर रात वन मंत्री दुर्गा यादव ने जिला अस्पताल जाकर घायलों का हाल जाना।

 क्षेत्राधिकारी नगर संजीव सुमन ने बताया कि उकरौड़ा गांव निवासी बृजेश सिंह और रंजीत सिंह पट्टीदार हैं। इनमें रंजिश चलती है। रंजीत की मां  बीडीसी सदस्य हैं, जबकि बृजेश की मां मधु सिंह प्रधान हैं। शुक्रवार को गांव में मेले के समापन पर रंजीत सिंह ने अपने घर दावत पर वनमंत्री दुर्गा प्रसाद यादव के बेटे एवं पूर्व ब्लाक प्रमुख मोहम्मदपुर विजय यादव को बुलाया था। उधर, बृजेश सिंह ने अपने घर दावत पर मंत्री के भतीजे एवं पूर्व ब्लाक प्रमुख पल्हनी प्रमोद यादव को बुलाया था।
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प्रमोद यादव और विजय यादव अपने समर्थकों के साथ वहां मौजूद थे। भोजन करने के बाद रात सवा 11 बजे प्रमोद यादव समर्थकों के साथ जाने लगे। विजय यादव की गाड़ी रास्ते में खड़ी थी। इसे हटाने को लेकर दोनों के समर्थकों में नोकझोंक के बाद मारपीट और पथराव हो गया। इसके बाद अंधाधुंध हवाई फायरिंग होने लगी। गोलियों की तड़तड़ाहट से गांव में हड़कंप मच गया। मारपीट में रंजीत सिंह के पक्ष के संजीत सिंह, मालती देवी, इंद्रजीत यादव, अजय यादव और सुनीता सिंह घायल हो गईं।

इन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। संजीत की हालत गंभीर बनी हुई है। सूचना पर कोतवाली, सिधारी समेत कई थानों की पुलिस पहुंची और 11 लोगों को साथ लेकर कोतवाली आई थी। सीओ ने बताया कि घटना के संबंध में रंजीत सिंह ने रिपोर्ट दर्ज कराई है। इसमें पूर्व प्रमुख प्रमोद यादव, बृजेश सिंह, अवधेश सिंह, अमरेंद्र सिंह, विमलेंद्र यादव, संतोष सिंह, धनंजय उपाध्याय, लक्ष्मीकांत गोंड़, राजेश सिंह, शिवानंद पांडेय, राजीव उर्फ अखंड सिंह, शिवशंकर प्रजापति, राजीव सिंह उर्फ राजमन और बृजराज यादव को आरोपी बनाया गया है।

पुलिस ने प्रमोद यादव, बृजेश सिंह, संतोष सिंह, शिवानंद पांडेय, राजीव उर्फ अखंड, राजीव सिंह और बृजराज यादव को गिरफ्तार कर चालान कर दिया। इनकी तीन गाड़ियां भी जब्त कर ली हैं। अन्य की तलाश की जा रही है। तनाव को देखते हुए मौके पर फोर्स तैनात कर दी गई है। 

प्रमोद ने लगाया एकपक्षीय कार्रवाई का आरोप ः पूर्व ब्लाक प्रमुख और महाप्रधान प्रमोद यादव ने कहा कि इस घटना के लिए वनमंत्री दुर्गा प्रसाद यादव के बेटे जिम्मेदार हैं। जब वह ग्राम प्रधान उकरौड़ा बृजेश सिंह के दरवाजे पर बैठे तभी उनके पट्टीदार रंजीत सिंह के घर पहुंचे विजय यादव और उनके समर्थकों ने फायरिंग की। इसके बाद मारपीट शुरू हो गई। घटना के बाद हम लोग वहां बैठे थे। पुलिस हमें लेकर कोतवाली आई और बाद में हमें सिधारी थाने पर भेज दिया गया। उन्होंने कहा कि इस मामले में शासन और प्रशासन की ओर से एकतरफा कार्रवाई की गई है। वहीं, वनमंत्री दुुर्गा प्रसाद यादव के बेेेटे पूर्व ब्लाक प्रमुख विजय यादव ने कहा कि जिस समय मारपीट की घटना हुई, मैं वहां मौजूद नहीं था। 


फायरिंग, मारपीट और तोड़फोड़ प्रमोद यादव के पक्ष ने की है। इसलिए कार्रवाई अभी विजय की तरफ से ही की गई है। फायरिंग के साक्ष्य नहीं मिले हैं। जांच की जा रही है। जो नए तथ्य सामने आएंगे, उन्हें जांच में शामिल किया जाएगा। - कुंतल किशोर, पुलिस अधीक्षक, आजमगढ़ 
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